कच्चे तेल में नरमी और एफआईआई की खरीदारी से सेंसेक्स-निफ्टी में 1.5% से ज्यादा का उछाल
मुंबई (महाराष्ट्र)। भारतीय शेयर बाजार में मंगलवार को चौतरफा खरीदारी देखने को मिली। कच्चे तेल की कीमतों में आई गिरावट, अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में कमी और विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) की वापसी ने बाजार में नया जोश भर दिया।
सेंसेक्स और निफ्टी में बंपर बढ़त
कारोबार के अंत में बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स 1,225.07 अंक यानी 1.62 प्रतिशत की बढ़त के साथ 76,917.85 के स्तर पर बंद हुआ। वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 50 भी 370.05 अंक या 1.58 प्रतिशत की छलांग लगाकर 23,810.85 के स्तर पर स्थापित हुआ।
विशेषज्ञों का क्या है कहना
जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के रिसर्च हेड विनोद नायर के मुताबिक, कच्चे तेल के दामों में गिरावट और एफआईआई की वापसी से हालिया मैक्रोइकॉनॉमिक दबाव कम हुआ है।
उन्होंने कहा कि दूसरी तिमाही के बेहतर नतीजों ने घरेलू वृद्धि की उम्मीदों को मजबूत किया है। लंबे समय तक बिकवाली के बाद विदेशी निवेशकों के लौटने से बाजार में नकदी बढ़ी है, जिसका फायदा खासतौर पर बैंकिंग और कंजप्शन सेक्टर को मिला है। हालांकि, बाजार की यह तेजी आगे बनी रहेगी या नहीं, यह कंपनियों के प्रदर्शन और भू-राजनीतिक हालात पर निर्भर करेगा।
एफएमसीजी और रियल्टी में जोरदार खरीदारी
सेक्टोरल इंडेक्स की बात करें तो निफ्टी एफएमसीजी में 3.18 प्रतिशत की सबसे बड़ी तेजी रही। इसके अलावा निफ्टी रियल्टी 2.10 प्रतिशत, निफ्टी प्राइवेट बैंक 1.77 प्रतिशत और निफ्टी ऑटो 1.47 प्रतिशत चढ़कर बंद हुए। दूसरी तरफ निफ्टी पीएसयू बैंक 1.37 प्रतिशत, मेटल 0.40 प्रतिशत और आईटी इंडेक्स 0.15 प्रतिशत की गिरावट के साथ दबाव में दिखे।
निफ्टी के टॉप गेनर्स में बीएसई, नेस्ले इंडिया, टाटा कंज्यूमर और एशियन पेंट्स शामिल रहे। जबकि पावरग्रिड, एसबीआई, ओएनजीसी, अडानी एंटरप्राइजेज, टाटा स्टील और एनटीपीसी नुकसान में रहे।
कच्चा तेल और सोना-चांदी सुस्त
कमोडिटी मार्केट में ब्रेंट क्रूड घटकर 105.71 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया। कच्चे तेल में करीब 6.5 प्रतिशत की गिरावट से ऊर्जा संकट से राहत मिलती दिख रही है।
सोने और चांदी के दामों में नरमी का रुख बना रहा। 24 कैरेट सोना 1.26 प्रतिशत गिरकर 1,38,420 रुपये प्रति 10 ग्राम और चांदी 3.59 प्रतिशत टूटकर 1,77,120 रुपये प्रति किलो पर आ गई।
रुपये में मजबूती, एशियाई बाजारों में मिला-जुला रुख
डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपया 12 से 24 पैसे मजबूत होकर 94.80 के करीब कारोबार करता नजर आया। ब्रिकवर्क रेटिंग्स के रिसर्च हेड राजीव शरण के अनुसार, कच्चे तेल में गिरावट से करेंसी मार्केट को फौरी राहत मिली है।
उधर, एशियाई बाजारों में सुस्ती देखने को मिली। जापान का निक्केई 0.33 प्रतिशत, ताइवान का वेटेड इंडेक्स 3.72 प्रतिशत और कोरिया का कॉस्पी 3.72 प्रतिशत गिरकर बंद हुए। हालांकि, हांगकांग का हैंगसेंग 0.39 प्रतिशत बढ़कर बंद होने में कामयाब रहा। (इनपुट: ANI)
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