ईडी ने हरियाणा के पूर्व मंत्री गोपाल कांडा के गुरुग्राम स्थित परिसरों पर की छापेमारी
नई दिल्ली (भारत)। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने गुरुवार को कारोबारी और हरियाणा के पूर्व राज्य मंत्री गोपाल गोयल कांडा से जुड़े तीन परिसरों पर 248.46 करोड़ रुपये के कथित मनी लॉन्ड्रिंग मामले की जांच के सिलसिले में तलाशी अभियान चलाया। तलाशी अभियान गुरुवार तड़के से जारी है और हरियाणा के गुरुग्राम स्थित कांडा के तीन परिसरों को कवर कर रहा है। तलाशी में शामिल परिसरों में उनका आवास, फार्महाउस और कार्यालय शामिल हैं। ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम (पीएमएलए) की धारा 17 के तहत तलाशी अभियान चलाया, जो एजेंसी और अधिकृत अधिकारियों को तलाशी और जब्ती के व्यापक अधिकार प्रदान करता है।
रियल एस्टेट धोखाधड़ी मामले की चल रही जांच
ये तलाशी अभियान ईडी की गुरुग्राम इकाई द्वारा वाटिका लिमिटेड द्वारा किए गए बड़े पैमाने पर रियल एस्टेट धोखाधड़ी मामले की चल रही जांच के सिलसिले में चलाया जा रहा है। इस धोखाधड़ी में निवेशकों को समय पर कब्जा, सुनिश्चित रिटर्न, लीज किराया और बिक्री विलेखों के निष्पादन का आश्वासन देकर वाणिज्यिक परियोजनाओं में निवेश करने के लिए प्रेरित किया गया था। अधिकारियों ने बताया कि जांच के दायरे में आने वाली चार परियोजनाओं में 661 निवेशकों से लगभग 248.46 करोड़ रुपये की वसूली की गई, लेकिन अभी तक न तो उन्हें कब्जा सौंपा गया है और न ही वादे के मुताबिक बिक्री विलेख निष्पादित किए गए हैं।
50 पीएमएलए जोन और पांच समर्पित फेमा जोन
सुरक्षा और राज्य पुलिस बलों के साथ घनिष्ठ समन्वय में तलाशी अभियान जारी है। अधिकारियों ने बताया कि इस मामले में वित्तीय लेन-देन और घर खरीदारों के धन के संदिग्ध दुरुपयोग के आधार पर तलाशी शुरू की गई थी। अधिकारियों ने आगे बताया कि विनियोजित धन को बाद में कांडा से जुड़ी विभिन्न कंपनियों में स्थानांतरित कर दिया गया था। इस बीच, ईडी अपने नए स्वीकृत कैडर पुनर्गठन के तहत 1 जनवरी, 2027 से अपने फील्ड ढांचे का विस्तार करते हुए 50 पीएमएलए जोन और पांच समर्पित फेमा जोन बनाने जा रही है, साथ ही जांच की अवधि को वर्तमान चार से पांच साल से घटाकर लगभग डेढ़ साल करने का लक्ष्य रखा है।
50 पीएमएलए जोन मनी लॉन्ड्रिंग से संबंधित मामलों को संभालेंगे
50 पीएमएलए जोन मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम के तहत मनी लॉन्ड्रिंग से संबंधित मामलों को संभालेंगे, जबकि पांच समर्पित फेमा जोन विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम (फेमा) के तहत विदेशी मुद्रा उल्लंघनों पर ध्यान केंद्रित करेंगे। पुनर्गठन से निदेशालय में स्वीकृत पदों की संख्या 2,029 से बढ़कर 3,256 हो जाएगी, जो लगभग 60 प्रतिशत की वृद्धि है, और कार्यात्मक इकाइयों की संख्या 131 से बढ़कर 241 हो जाएगी।
पांच समर्पित FEMA जोन स्थापित किए जाएंगे
दिल्ली, चंडीगढ़, मुंबई, कोलकाता और चेन्नई में पांच समर्पित FEMA जोन स्थापित किए जाएंगे, जबकि विस्तारित PMLA नेटवर्क देश भर में निदेशालय की क्षेत्रीय उपस्थिति और जांच क्षमता को मजबूत करेगा। पुनर्गठन और जांच में लगने वाले समय को कम करने के लिए तैयार की गई कार्ययोजना पर 14-15 सितंबर को बेंगलुरु में आयोजित क्षेत्रीय अधिकारियों के 36वें त्रैमासिक सम्मेलन में चर्चा की गई। सम्मेलन की अध्यक्षता ईडी निदेशक राहुल नवीन ने की और इसमें मुख्यालय और क्षेत्रीय इकाइयों के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया। (इनपुट: ANI)
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