पूर्व कांग्रेस सांसद सज्जन कुमार का 84 वर्ष की उम्

पूर्व कांग्रेस सांसद सज्जन कुमार का निधन, सफदरजंग अस्पताल ने बताया- हाई ब्लड प्रेशर और पार्किंसंस से थे पीड़ित

Former Congress MP Sajjan Kumar Dies at 84, Safdarjung Hospital Says He Had Hypertension and Parkinson’s

नई दिल्ली (भारत)। पूर्व कांग्रेस सांसद और 1984 के दिल्ली सिख विरोधी दंगों के मामले में दोषी ठहराए गए सज्जन कुमार का गुरुवार को दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में निधन हो गया। उनकी उम्र 84 वर्ष थी। अस्पताल प्रशासन के मुताबिक, कुमार को पुलिस सुबह करीब 11 बजे अस्पताल लेकर पहुंची थी। उनकी हालत गंभीर थी और डॉक्टरों ने तुरंत इलाज और उन्हें बचाने के लिए जरूरी मेडिकल प्रक्रिया शुरू की।

अस्पताल ने बताया- बदली हुई चेतना की हालत में लाए गए थे

VMMC और सफदरजंग अस्पताल की ओर से जारी बयान के अनुसार, सज्जन कुमार को पुलिस altered sensorium यानी बदली हुई चेतना की स्थिति में अस्पताल लेकर आई थी। उन्हें तुरंत भर्ती किया गया और डॉक्टरों की टीम ने रेसुसिटेशन यानी जीवन बचाने के लिए जरूरी चिकित्सा उपाय शुरू किए। अस्पताल के मुताबिक, तमाम मेडिकल और लाइफ-सपोर्ट उपाय किए जाने के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका और दोपहर 12:30 बजे उनका निधन हो गया।

हाई ब्लड प्रेशर और पार्किंसंस से थे पीड़ित

सफदरजंग अस्पताल ने बताया कि सज्जन कुमार को पहले से हाई ब्लड प्रेशर और पार्किंसंस रोग था। अस्पताल के बयान के मुताबिक, उनका पहले भी कई बार अस्पताल में इलाज हो चुका था। गुरुवार को तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें पुलिस की ओर से अस्पताल लाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें बचाने की पूरी कोशिश की।

तीन बार संसद सदस्य रहे थे सज्जन कुमार

सज्जन कुमार तीन बार सांसद रहे थे और कांग्रेस से जुड़े प्रमुख राजनीतिक नेताओं में शामिल रहे। उनका नाम 1984 के सिख विरोधी दंगों से जुड़े मामलों में लंबे समय तक चर्चा में रहा। पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की हत्या के बाद दिल्ली समेत देश के कई हिस्सों में हिंसा हुई थी। सज्जन कुमार को इन घटनाओं से जुड़े कई मामलों में लंबे समय तक कानूनी प्रक्रिया का सामना करना पड़ा।

तीन दशक से ज्यादा चली कानूनी लड़ाई

1984 के दंगों से जुड़े मामलों में सज्जन कुमार के खिलाफ अलग-अलग अदालतों में सुनवाई हुई। इन मामलों में अलग-अलग समय पर उन्हें बरी भी किया गया और कुछ मामलों में दोषी भी ठहराया गया। उनकी कानूनी लड़ाई तीन दशक से ज्यादा समय तक चली। इसी दौरान कई मामलों में निचली अदालतों के फैसलों को ऊपरी अदालतों में चुनौती दी गई और अदालतों ने अलग-अलग फैसले सुनाए।

राज नगर केस में हाई कोर्ट ने सुनाई थी उम्रकैद

दिल्ली के राज नगर इलाके से जुड़े मामले में एक परिवार के पांच सदस्यों की हत्या और गुरुद्वारे को आग लगाने के आरोपों की सुनवाई हुई थी। दिल्ली हाई कोर्ट ने 17 दिसंबर 2018 को ट्रायल कोर्ट के पहले के बरी करने के फैसले को पलट दिया था। हाई कोर्ट ने सज्जन कुमार को दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई थी। इसके बाद उन्होंने आत्मसमर्पण किया और दिसंबर 2018 से जेल में थे।

सरस्वती विहार मामले में भी मिली उम्रकैद

सरस्वती विहार हत्या मामले में जसवंत सिंह और उनके बेटे तरनदीप सिंह की 1 नवंबर 1984 को हत्या से जुड़े आरोप थे। इस मामले में ट्रायल कोर्ट ने पहले सज्जन कुमार को बरी कर दिया था। हालांकि, 25 फरवरी 2025 को स्पेशल जज कावेरी बावेजा ने उन्हें दूसरी उम्रकैद की सजा सुनाई। अदालत ने उनकी उम्र, बीमारियों और पहले से चल रही उम्रकैद की सजा के दौरान उनके आचरण को देखते हुए मौत की सजा नहीं दी।

जनकपुरी-विकासपुरी मामले में बरी हुए थे

जनकपुरी और विकासपुरी इलाके में हुई हिंसा से जुड़े एक अन्य मामले में राउज एवेन्यू कोर्ट ने सज्जन कुमार को आरोपों से बरी कर दिया था। यह मामला सोहन सिंह और उनके दामाद अवतार सिंह की हत्या के लिए उकसाने और गुरचरण सिंह को जलाने से संबंधित था। 22 जनवरी को अदालत ने उन्हें बरी किया था। इसके बाद 26 मई को दिल्ली हाई कोर्ट ने इस बरी किए जाने के खिलाफ दायर अपील पर नोटिस जारी किया था।

जेल में मेडिकल आधार पर राहत की मांग करते रहे

सज्जन कुमार ने जेल में रहने के दौरान स्वास्थ्य संबंधी आधार पर कई बार जमानत और अन्य राहत की मांग की थी। उनकी बढ़ती उम्र और स्वास्थ्य समस्याओं का उल्लेख भी अदालत में किया गया था। अस्पताल के मुताबिक, उन्हें हाई ब्लड प्रेशर और पार्किंसंस की बीमारी थी और अतीत में कई बार अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

अस्पताल में इलाज के दौरान नहीं बचाया जा सका

गुरुवार सुबह हालत बिगड़ने के बाद पुलिस सज्जन कुमार को सफदरजंग अस्पताल लेकर पहुंची। डॉक्टरों ने उन्हें तत्काल भर्ती कर सभी जरूरी रेसुसिटेशन और लाइफ-सपोर्ट उपाय किए, लेकिन उनकी हालत में सुधार नहीं हुआ। अस्पताल प्रशासन के अनुसार, दोपहर 12:30 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। (Source: ANI)

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