IAF चीफ ने कैप्टन स्मित मच्छार की बहादुरी को सराहा, कहा- शारीरिक और मानसिक मजबूती की मिसाल
नई दिल्ली (भारत)। भारतीय वायु सेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल एपी सिंह ने दुबई-तेल अवीव फ्लाइट में हमले के दौरान घायल हुए भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार की बहादुरी की सराहना की है। उन्होंने कहा कि गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद मच्छार ने जिस तरह की शारीरिक और मानसिक मजबूती दिखाई, वह एविएशन कम्युनिटी के लिए एक सबक है।
फ्लाइट FZ1073 में हुआ था हमला
यह बयान 30 सितंबर को फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 में हुई घटना के कुछ दिनों बाद आया है। दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाइट में भारतीय पायलट मच्छार पर उनके को-पायलट ने हमला किया था, जिसमें वे गंभीर रूप से घायल हुए। हमले के बाद विमान में बड़ी इमरजेंसी की स्थिति पैदा हो गई थी और विमान तेज़ी से नीचे की ओर जा रहा था। यात्रियों और क्रू के दखल देने के बाद स्थिति को संभालने में मदद मिली।
घायल होने के बावजूद कॉकपिट तक पहुंचे मच्छार
गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद मच्छार कॉकपिट का दरवाज़ा खोलने में कामयाब रहे। इसके बाद दूसरे लोग कॉकपिट के अंदर पहुंच सके और हमलावर को काबू करने में मदद कर सके। घटना के बाद विमान का रास्ता बदला गया और उसे सऊदी अरब के तबुक में सुरक्षित उतारा गया। मच्छार को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां वे अपनी चोटों से उबर रहे हैं।
17 साल के फ्लाइंग अनुभव का किया जिक्र
मच्छार ने हाल ही में अस्पताल से वीडियो कॉल के जरिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बात की और हमले के दौरान के पलों के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि चोट लगने के बावजूद उन्हें एहसास हुआ कि विमान नीचे जा रहा है और उन्होंने कॉकपिट के दरवाज़े तक पहुंचने की आखिरी कोशिश की। मच्छार ने बताया कि उनके 17 साल के फ्लाइंग अनुभव, जिसमें 11 साल कैप्टन के तौर पर शामिल हैं, ने उन्हें घायल होने के बावजूद विमान की स्थिति समझने में मदद की। उन्होंने कहा कि उन्हें पता था कि दरवाज़े तक पहुंचने के लिए उन्हें एक आखिरी कोशिश करनी होगी।
प्रधानमंत्री मोदी ने भी की हिम्मत की तारीफ
रिपोर्ट के मुताबिक, मच्छार ने प्रधानमंत्री मोदी को बताया कि जैसे ही उन्होंने कॉकपिट का दरवाज़ा खोला, दूसरे लोग अंदर आ पाए और दखल दे सके। प्रधानमंत्री मोदी ने मच्छार की हिम्मत, सूझ-बूझ और संयम की तारीफ़ की। उन्होंने कहा कि उनके कामों से लोगों की जान बचाने में मदद मिली। मोदी ने मच्छार के परिवार से भी बात की और उनके ठीक होने के दौरान मिले सहयोग की तारीफ़ की।
हमले में क्रैश कुल्हाड़ी के इस्तेमाल की जानकारी
हमले की प्रकृति को लेकर भी जानकारी सामने आई है। इससे पहले UAE की सरकारी समाचार एजेंसी WAM की रिपोर्ट में बताया गया था कि मच्छार पर हमले के दौरान को-पायलट ने विमान की इमरजेंसी क्रैश कुल्हाड़ी का इस्तेमाल किया था। अधिकारी इस घटना की जांच कर रहे हैं। शुरुआती जानकारी में इस बात को लेकर मतभेद था कि हमले में चाकू का इस्तेमाल हुआ था या विमान की क्रैश कुल्हाड़ी का।
UAE ने आतंकी हमला बताया
क्रैश कुल्हाड़ी एक आम इमरजेंसी उपकरण है, जो विमान के कॉकपिट में रखा जाता है। इसका इस्तेमाल मुश्किल हालात में पायलटों द्वारा विमान के ढांचे यानी फ्यूज़लेज को काटकर बाहर निकलने के लिए किया जा सकता है। UAE ने इस घटना को आतंकवादी हमला बताया है।
इज़राइल ने मच्छार को सम्मानित करने की जताई इच्छा
मुंबई में इज़राइल के कॉन्सल जनरल यानीव रेवाच ने भी ANI से बातचीत में घटना को आतंकवादी हमला बताया और हमले के दौरान मच्छार के व्यवहार की तारीफ की। उन्होंने कहा कि इज़राइल भारतीय पायलट को सम्मानित करना चाहता है और उनके कामों के लिए आभार जताने के लिए एक सार्वजनिक अभियान की योजना बनाई है।
राजदूत जेपी सिंह ने भी की मच्छार की तारीफ
इज़राइल में भारत के राजदूत जेपी सिंह ने तेल अवीव में इंडिया-इज़राइल फेस्टिवल और भारतीय यहूदियों के राष्ट्रीय सम्मेलन में मच्छार को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने मच्छार की हिम्मत की तारीफ़ करते हुए कहा कि उनके कामों से उड़ान में सवार 174 लोगों की जान बचाने में मदद मिली। (Source: ANI)
यह भी पढ़ें: CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन की अनुमति न मिलने पर IYC ने दिल्ली हाई कोर्ट का किया रुख