मैरी कॉम के पूर्व पति ने दर्ज कराई मानहानि की शिकायत, साकेत कोर्ट में 19 नवंबर को सुनवाई
नई दिल्ली (भारत)। ओलंपिक पदक विजेता बॉक्सर मैरी कॉम कानूनी विवाद में घिर गई हैं। उनके पूर्व पति कारोंग ओंखोलर ने दिल्ली की साकेत कोर्ट में उनके खिलाफ मानहानि की शिकायत दर्ज कराई है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि मैरी कॉम ने 11 जनवरी 2026 को एक टीवी इंटरव्यू के दौरान उनके बारे में कथित तौर पर झूठे और मानहानिकारक बयान दिए, जिससे उनकी प्रतिष्ठा को नुकसान पहुँचा। यह शिकायत 6 अक्टूबर को दर्ज की गई थी। फिलहाल मामला अदालत में समन जारी करने से पहले के साक्ष्यों की प्रक्रिया में है। अदालत ने मामले की अगली सुनवाई 19 नवंबर को तय की है। हालांकि, ये सभी आरोप शिकायतकर्ता की ओर से लगाए गए हैं, जिनकी अदालत में सुनवाई होनी बाकी है।
19 नवंबर को होगी मामले की अगली सुनवाई
यह मामला न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी (JMFC) शिवम गुप्ता की अदालत में समन जारी करने से पहले के साक्ष्य (Pre-summoning Evidence) के चरण में लंबित है। अदालत इस मामले की सुनवाई 19 नवंबर को करेगी। शिकायतकर्ता ने अधिवक्ता आकाश कृष्णा और प्रगति शर्मा के माध्यम से अदालत का रुख किया है।
2005 में हुई थी शादी, 2023 में अलग हुए थे दोनों
शिकायतकर्ता कारोंग ओंखोलर के अनुसार, उनकी शादी मैरी कॉम से 12 मार्च 2005 को हुई थी। शादी के बाद दोनों फरीदाबाद में साथ रहते थे। शिकायत में कहा गया है कि यह विवाह 20 दिसंबर 2023 को पारंपरिक रीति-रिवाजों के तहत समाप्त हो गया था। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि शादी से पहले और शादी के दौरान उन्होंने मैरी कॉम के पेशेवर करियर को समर्थन देने और आगे बढ़ाने के लिए अपने करियर तथा पेशेवर कामों का त्याग किया।
करियर को लेकर दिए गए बयानों पर उठाए सवाल
शिकायतकर्ता ने दावा किया कि उनके और मैरी कॉम के वैवाहिक जीवन की वास्तविक स्थिति उनके द्वारा बताए गए तथ्यों से स्पष्ट होती है। उन्होंने मैरी कॉम के उन कथित बयानों का खंडन किया, जिनमें शिकायतकर्ता के पास कोई करियर नहीं होने और कभी नौकरी या काम नहीं करने की बात कही गई थी। शिकायत में उनके पेशेवर जीवन को लेकर किए गए कथित दावों को गलत बताया गया है।
11 जनवरी 2026 के टीवी इंटरव्यू को लेकर आरोप
शिकायत के मुताबिक, तलाक के बाद 11 जनवरी 2026 को मैरी कॉम एक लंबे समय से प्रसारित हो रहे टेलीविजन कार्यक्रम में अतिथि के रूप में शामिल हुई थीं। शिकायतकर्ता का आरोप है कि यह कार्यक्रम लाइव स्टूडियो दर्शकों के सामने हुआ और बाद में आम जनता के लिए प्रसारित किया गया। उनके अनुसार, इस इंटरव्यू के दौरान मैरी कॉम ने उनके बारे में कथित तौर पर झूठे, दुर्भावनापूर्ण और मानहानिकारक बयान दिए।
शिकायत में कहा गया है कि मैरी कॉम एक अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रसिद्ध बॉक्सिंग चैंपियन और सार्वजनिक हस्ती हैं, जिनके बड़ी संख्या में प्रशंसक हैं और जो नियमित रूप से राष्ट्रीय टेलीविजन तथा अन्य मीडिया प्लेटफॉर्म पर दिखाई देती हैं। शिकायतकर्ता का दावा है कि बयानों को व्यापक दर्शक वर्ग तक पहुंचने की जानकारी होने के बावजूद उन्हें प्रसारित किया गया और इससे उनकी प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचा।
शिकायत में लगाए गए गंभीर आरोप
शिकायतकर्ता के अनुसार, संबंधित प्रसारण को देखने वाला कोई भी सामान्य और समझदार व्यक्ति मैरी कॉम के कथित बयानों से उनके बारे में नकारात्मक धारणा बना सकता है। शिकायत में दावा किया गया है कि इन बयानों से उन्हें बेईमान, बेवफा, बेरोजगार, आर्थिक रूप से दूसरों पर निर्भर और शराब का आदी व्यक्ति बताया गया। साथ ही, उनके बैंक खातों से पैसे के गबन और बच्चों के प्रति जिम्मेदारियां छोड़ने जैसे आरोपों का भी उल्लेख किया गया है।
शिकायतकर्ता का कहना है कि ये कथित आरोप उनके नैतिक चरित्र, प्रतिष्ठा और जीवनसाथी तथा माता-पिता के रूप में उनकी छवि को गंभीर रूप से प्रभावित करते हैं। उन्होंने इन बयानों को भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 356 के दायरे में आने वाला मानहानिकारक कृत्य बताया है। मामले में अदालत की सुनवाई 19 नवंबर को निर्धारित है। (Source: ANI)
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