उड़ान योजना के 10 साल: 1.72 करोड़ लोगों का आसान हुआ हवाई सफर, अब ₹28,840 करोड़ के बजट से संवरेंगे छोटे शहर
नई दिल्ली। देश के छोटे शहरों और दूर-दराज के इलाकों को हवाई नेटवर्क से जोड़ने वाली केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजना 'उड़ान' (UDAN) ने सफलता का नया मील का पत्थर हासिल किया है। अक्टूबर 2016 में शुरू हुई इस योजना के जरिए अब तक 1.72 करोड़ से अधिक यात्री सफर कर चुके हैं। योजना की 10वीं वर्षगांठ से ठीक पहले प्रेस सूचना ब्यूरो (PIB) द्वारा जारी बैकग्राउंडर रिपोर्ट में यह आंकड़े सामने आए हैं।
687 रूट चालू, 3.68 लाख से ज्यादा उड़ानें
पीआईबी द्वारा जारी 'विंग्स ऑफ चेंज: 10 इयर्स ऑफ रीडिफाइनिंग रीजनल एयर कनेक्टिविटी थ्रू उड़ान' शीर्षक वाली रिपोर्ट के मुताबिक, इस योजना के तहत अब तक देशभर में 687 क्षेत्रीय हवाई मार्ग शुरू किए जा चुके हैं। इन रूटों पर 3.68 लाख से ज्यादा उड़ानों का संचालन हुआ है।
क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को गति देने के लिए देश भर में 95 एयरोड्रोम क्रियान्वित किए गए हैं, जिनमें 17 हेलीपोर्ट और 2 वॉटर एयरोड्रोम भी शामिल हैं।
₹5,000 करोड़ से ज्यादा की वित्तीय सहायता
कम मांग वाले क्षेत्रीय मार्गों पर एयरलाइंस के संचालन को व्यावहारिक और टिकाऊ बनाए रखने के लिए सरकार लगातार वित्तीय मदद दे रही है। रिपोर्ट के अनुसार, 15 अक्टूबर तक वायबिलिटी गैप फंडिंग (VGF) के तहत एयरलाइंस को 5,091.23 करोड़ रुपये जारी किए जा चुके हैं।
उड़ान योजना में किराए की सीमा (Cap), रियायतों और बाजार-आधारित चयन प्रक्रिया के जरिए निजी और सरकारी एयरलाइंस को छोटे शहरों तक नेटवर्क फैलाने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है।
'संशोधित उड़ान': 28,840 करोड़ रुपये का नया मास्टरप्लान
छोटे बाजारों में हवाई अड्डों की सीमित कमाई और यात्रियों की उतार-चढ़ाव भरी मांग को देखते हुए सरकार ने 4 जुलाई को 'संशोधित उड़ान' (Modified UDAN) योजना का ऐलान किया था।
वित्त वर्ष 2026-27 से 2035-36 तक अगले 10 वर्षों के लिए 28,840 करोड़ रुपये का बजट मंजूर किया गया है। इसका मकसद क्षेत्रीय विमानन के दीर्घकालिक और टिकाऊ विकास को सुनिश्चित करना है।
100 नए हवाई अड्डे और 200 आधुनिक हेलीपैड
अगले चरण में एयरलाइन ऑपरेशन्स को सपोर्ट देने के लिए 10,043 करोड़ रुपये का अलग से आवंटन किया गया है। इसके अलावा:
उपेक्षित पड़ी हवाई पट्टियों को विकसित कर 100 नए हवाई अड्डे तैयार किए जाएंगे। 200 आधुनिक हेलीपैड का निर्माण होगा। लगभग 441 एयरोड्रोम को परिचालन संबंधी सहायता दी जाएगी।
पूर्वोत्तर भारत पर विशेष ध्यान
देश के पूर्वोत्तर राज्यों को मुख्यधारा के हवाई नेटवर्क से जोड़ने में 'उड़ान' ने अहम भूमिका निभाई है। पूर्वोत्तर के दुर्गम इलाकों में 90 प्राथमिकता वाले क्षेत्रीय रूट और 12 एयरोड्रोम सफलतापूर्वक चालू किए जा चुके हैं।
आम नागरिक के लिए हवाई सफर को किफायती और सुलभ बनाने के उद्देश्य से 21 अक्टूबर 2016 को शुरू हुई 'उड़ान' योजना अब देश के इंफ्रास्ट्रक्चर लैंडस्केप को बदलने में निर्णायक भूमिका निभा रही है। (भाषांतर: Ravi Pandey । इनपुट: ANI)
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