साइक्लोन अर्नब का नेपाल में असर, भारी बर्फबारी से 250 पर्यटक फंसे
काठमांडू: साइक्लोन अर्नब के कारण मौसम में आए बदलाव का असर नेपाल के कई हिस्सों में देखने को मिला है। यहां कई इलाकों में बर्फबारी और बारिश हुई है। ऊंचाई वाले क्षेत्रों में भारी बर्फबारी के चलते सैकड़ों ट्रेकर्स और पर्यटक फंस गए हैं। उन्हें ऊंचाई वाले होटलों और लॉज में शरण लेनी पड़ी है।
ट्रेकिंग गतिविधियां प्रभावित, होटलों में बढ़ी पर्यटकों की संख्या
पर्यटन अधिकारियों ने पुष्टि की है कि ऊंचाई वाले इलाकों में भारी बर्फबारी और निचले क्षेत्रों में जमा देने वाले तापमान के कारण ट्रेकिंग गतिविधियां प्रभावित हुई हैं। बेस कैंप जाने और वहां से लौटने वाले पर्यटक अपनी यात्रा जारी नहीं रख पा रहे हैं। कई लोगों ने ट्रेकिंग मार्ग के किनारे बने होटलों और बस्तियों में शरण ली है। बताया जा रहा है कि वहां ठहरने की जगहें भर गई हैं। कंचनजंगा ट्रेल पर सैकड़ों घरेलू और विदेशी ट्रेकर्स फंस गए हैं। उन्हें होटलों में शरण लेनी पड़ी है, जिससे उनकी आवाजाही रुक गई है। इस इलाके में हल्की बारिश हुई है और तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जबकि ऊंचे पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी हुई है।
कंचनजंगा बेस कैंप के रास्तों पर फंसे पर्यटक
उत्तरी और दक्षिणी कंचनजंगा बेस कैंप मार्ग के किनारे स्थित बस्तियों में पर्यटकों की संख्या बढ़ गई है। इनमें उत्तर में इटालिटार, लामाटार, अमजिलेसा, थंगिम, ग्याबला, फाले, घुंसा, खंबाचेन और लोनाक, जबकि दक्षिण में यमफुदीन, नया झोरेनी, तोरोंगडेन, सेराम और रामजे शामिल हैं। इस बीच, अधिकारियों के अनुसार, लुम्बासुम्बा दर्रे से मकालू बेस कैंप की ओर जा रहे विदेशी पर्यटकों के एक समूह को ओलांगचुंगोला में रोक दिया गया है। ओलांगचुंगोला में लगभग आधे पर्यटक लुम्बासुम्बा मार्ग से मकालू बेस कैंप की ओर जा रहे हैं। वहीं, ओलांगचुंगोला से सिंगजे जाने वाले घरेलू पर्यटक भी खराब मौसम के कारण आगे नहीं बढ़ पा रहे हैं।
मौसम ठीक होने तक सुरक्षित जगहों पर रहने की सलाह
सीमा सुरक्षा के लिए तैनात सशस्त्र पुलिस बल के जवानों और स्थानीय वार्ड कार्यालय ने नोटिस जारी कर लोगों को मौसम ठीक होने तक सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी है। मुख्य जिला अधिकारी उमेश कुमार दहल ने कहा कि जिले में अभी तक आपदा से जुड़ी किसी घटना की खबर नहीं है। उन्होंने पुष्टि की कि कंचनजंगा क्षेत्र में, खासकर ओलांगचुंगोला, घुंसा और याम्फुदीन में, करीब 250 घरेलू और विदेशी पर्यटक बस्तियों और होटलों में रुके हुए हैं। अधिकारियों ने पर्यटकों को सलाह दी है कि वे सुरक्षा को प्राथमिकता दें और मौसम की स्थिति का सावधानीपूर्वक आकलन करने के बाद ही ट्रेकिंग दोबारा शुरू करें। सुरक्षा एजेंसियों और स्थानीय सरकारों के साथ मिलकर जरूरी सावधानियां बरती गई हैं। दहल ने कहा कि स्थानीय निवासियों को भी अलर्ट कर दिया गया है।
बारिश से साफ हुआ काठमांडू का आसमान
नेपाल की राजधानी काठमांडू में भी रातभर बारिश हुई, जिससे पहाड़ियों और पहाड़ों से घिरी घाटी का आसमान साफ हो गया। बारिश के कारण धूल और प्रदूषण कम होने से शहर की पहाड़ियां और आसपास का नजारा साफ दिखाई देने लगा है। हालांकि, राजधानी अभी भी बारिश से बने बादलों से ढकी हुई है।
(ANI)