वाराणसी में सपा की दो सीटों पर जीत के बाद अखिलेश यादव का BJP पर हमला, बोले- डबल इंजन सरकार को मिली दोहरी हार
वाराणसी (उत्तर प्रदेश)। वाराणसी के शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में समाजवादी पार्टी (सपा) के उम्मीदवारों की जीत के बाद पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने मंगलवार को मतदाताओं का आभार जताया। उन्होंने इन नतीजों को डबल इंजन सरकार की दोहरी हार करार दिया। वाराणसी शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से आशुतोष सिन्हा और स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से लाल बिहारी यादव ने जीत दर्ज की। अखिलेश यादव ने कहा कि पार्टी को इस जीत पर कोई अहंकार नहीं है, लेकिन चुनाव परिणामों ने उन लोगों को जवाब दिया है, जो लगातार डबल इंजन सरकार, डबल स्पीड और डबल विकास की बात करते थे।
बाबा विश्वनाथ के आशीर्वाद को दिया जीत का श्रेय
वाराणसी में मीडिया से बातचीत के दौरान अखिलेश यादव ने शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के सभी मतदाताओं को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि मतदाताओं के समर्थन और बाबा विश्वनाथ के आशीर्वाद से पार्टी के दोनों उम्मीदवार चुनाव जीतने में सफल रहे। अखिलेश यादव ने कहा, "मैं शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के सभी मतदाताओं को धन्यवाद देता हूं और उनके प्रति आभार व्यक्त करता हूं। बाबा विश्वनाथ ने हमें दो बार आशीर्वाद दिया है। उनके आशीर्वाद से आशुतोष सिन्हा और लाल बिहारी यादव, दोनों ही चुनाव जीत गए हैं।"
डबल इंजन सरकार को मिली दोहरी हार
सपा प्रमुख ने चुनावी जीत के बाद BJP पर निशाना साधते हुए कहा कि उनकी पार्टी को जीत का कोई अहंकार नहीं है। हालांकि, उन्होंने उन लोगों पर तंज कसा जो लगातार डबल इंजन सरकार, डबल स्पीड और डबल विकास की बात करते थे। अखिलेश यादव ने कहा, "हमें इस जीत पर कोई घमंड नहीं है, लेकिन जो लोग लगातार डबल-इंजन सरकार, डबल स्पीड और डबल विकास की बात करते थे, उन्हें अब दोहरी हार का सामना करना पड़ा है। उन्हें दोहरा नुकसान हुआ है और वे 'डबल जीरो' पर आ गए हैं।"
मणिकर्णिका घाट और पाल समुदाय का मुद्दा उठाया
अखिलेश यादव ने वाराणसी में स्थानीय मुद्दों का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि जनता ने शहर के साथ किए गए व्यवहार का जवाब चुनाव में दिया है। उन्होंने बाबा विश्वनाथ की धार्मिक नगरी वाराणसी का उल्लेख करते हुए मणिकर्णिका घाट पर हुई तोड़फोड़ और पाल समुदाय के लोगों पर हुए लाठीचार्ज का मुद्दा उठाया। उन्होंने प्रशासन पर शहर की संस्कृति और विरासत को मिटाने की कोशिश करने का आरोप लगाया।
जनता ने शहर की विरासत के साथ हुए व्यवहार का जवाब दिया
सपा प्रमुख ने कहा, "सबको याद है कि उन्होंने बाबा विश्वनाथ की धार्मिक नगरी के साथ कैसा बर्ताव किया—मणिकर्णिका घाट पर तोड़फोड़ से लेकर पाल समुदाय पर लाठीचार्ज तक। उन्होंने शहर की संस्कृति और विरासत को मिटाने की कोशिश की, और अब उन्हें जनता से इसका जवाब मिल गया है।" उन्होंने इन घटनाओं का उल्लेख करते हुए वाराणसी के चुनाव परिणामों को जनता की प्रतिक्रिया बताया।
11 MLC सीटों में BJP को 6 और सपा को मिलीं 5 सीटें
उत्तर प्रदेश विधान परिषद की 11 सीटों के चुनाव में BJP ने छह सीटों पर जीत दर्ज की, जबकि समाजवादी पार्टी को पांच सीटें मिलीं। BJP ने आगरा ग्रेजुएट्स, बरेली-मुरादाबाद टीचर्स, लखनऊ टीचर्स, मेरठ टीचर्स, मेरठ ग्रेजुएट्स और गोरखपुर-फैजाबाद टीचर्स निर्वाचन क्षेत्रों में जीत हासिल की। वहीं, समाजवादी पार्टी ने इलाहाबाद-झांसी ग्रेजुएट्स, वाराणसी टीचर्स और आगरा-अलीगढ़ टीचर्स निर्वाचन क्षेत्रों में जीत दर्ज की। वाराणसी की शिक्षक और स्नातक सीटों पर सपा की जीत के बाद अखिलेश यादव ने इसे पार्टी के लिए महत्वपूर्ण राजनीतिक सफलता बताया। (Source: ANI)