अमरावती जिला महिला अस्पताल के NICU में आग लगने के

अमरावती जिला महिला अस्पताल के NICU में भीषण आग, 36 नवजात सुरक्षित स्थान पर भेजे गए

Amravati Hospital NICU Fire, 36 Newborns Shifted to Safe Place

अमरावती (महाराष्ट्र)। अमरावती जिला महिला अस्पताल के नियोनेटल इंटेंसिव केयर यूनिट (NICU) में भीषण आग लगने के बाद 36 नवजात शिशुओं को सुरक्षित जगह पर भेजा गया। जिला सिविल सर्जन डॉ. विनोद पवार ने मंगलवार को बताया कि अधिकारियों ने एहतियात के तौर पर यह कदम उठाया क्योंकि उन्हें डर था कि आग से निकलने वाला धुआं बच्चों के फेफड़ों को नुकसान पहुंचा सकता है।

धुएं के खतरे को देखते हुए 36 बच्चों को सुरक्षित जगह भेजा गया

डॉ. पवार ने कहा, "आग में बच्चों के घायल होने की कोई जानकारी नहीं है। हालांकि, इस संभावना को देखते हुए कि आग के दौरान फैला धुआं उनके फेफड़ों को प्रभावित कर सकता है, हम कोई जोखिम नहीं लेना चाहते थे।" उन्होंने कहा, "कुल 36 बच्चों को सुरक्षित जगह पर भेजा गया है। एक बच्चे को जांच के बाद उसकी मां के पास वापस भेज दिया गया, जबकि बाकी बच्चों को भर्ती रखा गया है और उन पर नजर रखी जा रही है। अस्पताल की टीम लगातार उनके स्वास्थ्य पर नजर रख रही है।"

फायर ऑडिट की समय-सीमा खत्म होने से पहले PWD को भेजा गया था पत्र

आग से सुरक्षा संबंधी ऑडिट (फायर ऑडिट) के बारे में पूछे गए सवालों पर पवार ने कहा, "फायर ऑडिट की समय-सीमा 21 अगस्त को खत्म होने वाली थी। उससे पहले, अस्पताल प्रशासन ने लोक निर्माण विभाग (PWD) के इलेक्ट्रिकल विभाग को एक पत्र भेजा था। संबंधित विभाग के साथ बातचीत चल रही थी और अस्पताल का एक कर्मचारी लगातार इस पर फॉलो-अप कर रहा था।"

नवजातों की सुरक्षा को लेकर उच्च-स्तरीय जांच समिति करेगी जांच

घटना की उच्च-स्तरीय जांच के आदेश पर उन्होंने कहा, "यह एक उच्च-स्तरीय जांच समिति है। समिति कब जांच शुरू करेगी और रिपोर्ट सौंपने में कितना समय लगेगा, यह समिति ही तय करेगी। मैं इस संबंध में कोई निश्चित समय-सीमा नहीं बता सकता। फिलहाल, अस्पताल की टीम उन नवजात शिशुओं की नियमित रूप से देखभाल और निगरानी कर रही है जिन्हें दूसरे अस्पतालों में भेजा गया है।" (Source: ANI)

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