बांदा में जमीन विवाद में घायल किसान की 20 दिन बाद

बांदा में एक बीघा जमीन के विवाद में किसान की मौत, परिजनों ने अंतिम संस्कार रोका

Banda Land Dispute: Farmer Dies After 20 Days, Family Halts Funeral

बांदा (उत्तर प्रदेश)। एक बीघा जमीन के विवाद ने आखिरकार एक किसान की जान ले ली। अतर्रा थाना क्षेत्र के बल्लान के अंश धोबिन पुरवा गांव में सीमांकन के बाद शुरू हुआ विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया और गंभीर रूप से घायल किसान छोटेलाल ने 20 दिन तक जिंदगी से लड़ने के बाद कानपुर के निजी अस्पताल में दम तोड़ दिया। किसान की मौत की खबर गांव पहुंचते ही माहौल तनावपूर्ण हो गया। गुस्साए परिजनों ने आरोपियों की गिरफ्तारी और पुलिस की कथित लापरवाही के विरोध में अंतिम संस्कार रोक दिया।

पुलिस के आश्वासन के बाद अंतिम संस्कार के लिए माने परिजन

मामले की गंभीरता को देखते हुए क्षेत्राधिकारी प्रतिज्ञा सिंह और थाना प्रभारी राकेश तिवारी भारी पुलिस बल के साथ गांव पहुंचे। करीब दो घंटे तक चली मान-मनौव्वल के बाद पुलिस ने हल्का प्रभारी का कार्यक्षेत्र बदलने और आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी का भरोसा दिया, तब जाकर परिजन अंतिम संस्कार के लिए तैयार हुए।

सीमांकन बना खूनी संघर्ष की वजह

जानकारी के अनुसार, 20 जून को राजस्व विभाग ने विवादित जमीन की पैमाइश कर सीमांकन कराया था। अगले ही दिन 21 जून को किसान छोटेलाल अपने परिवार के साथ खेत में काम कर रहे थे। आरोप है कि पड़ोसी रामजी अपने परिजनों के साथ मौके पर पहुंचा और विवाद इतना बढ़ा कि दोनों पक्षों में लाठी-डंडे चलने लगे। इस खूनी संघर्ष में दोनों पक्षों के 11 लोग घायल हुए, जिनमें छोटेलाल सबसे गंभीर रूप से घायल थे।

इलाज के दौरान मौत

उन्हें पहले मेडिकल कॉलेज बांदा, फिर बेहतर इलाज के लिए कानपुर रेफर किया गया, जहां शुक्रवार को इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।

पुलिस पर लापरवाही का आरोप

मृतक के पुत्र शिवकुमार ने आरोप लगाया कि पहले दर्ज मारपीट के मुकदमे में हल्का प्रभारी ने समय पर कार्रवाई नहीं की। यदि पुलिस शुरुआत में सख्ती दिखाती, तो उनके पिता की जान बच सकती थी। परिजनों ने सभी आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की।

सीओ का आश्वासन, तब शांत हुआ आक्रोश

सीओ प्रतिज्ञा सिंह ने बताया कि दोनों पक्षों की तहरीर पर पहले से मुकदमा दर्ज है। शिकायत मिलने पर हल्का प्रभारी का कार्यक्षेत्र बदल दिया गया है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम लगा दी गई है। किसान की मौत के बाद मुकदमे में गंभीर धाराएं बढ़ाई जा रही हैं।

यह भी पढ़े:   बांदा में आठ माह पहले शादी हुई विवाहिता की संदिग्ध मौत, मायके पक्ष ने पति पर हत्या का लगाया आरोप