भोपाल का सिनेरियस वल्चर पहुंचा पाकिस्तान, ओलावृष्टि के कारण हुआ घायल
भोपाल। मध्य प्रदेश की राजधानी से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। भोपाल के वन विहार नेशनल पार्क से छोड़ा गया एक सिनेरियस वल्चर (Cinereous Vulture) उड़ते-उड़ते अंतरराष्ट्रीय सीमा पार कर पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में जा पहुंचा।
राजस्थान होते पाक पहुंचा
इस गिद्ध को 30 मार्च 2026 को भोपाल के पास हलाली डैम क्षेत्र से छोड़ा गया था। वहां से इसने उत्तर-पश्चिम की ओर उड़ान भरी और राजस्थान होते हुए पाकिस्तान की सीमा में प्रवेश किया। गिद्ध की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए उसमें GPS ट्रैकर (ट्रांसमीटर) लगाया गया था। 7 अप्रैल को अचानक जीपीएस सिग्नल मिलना बंद हो गया, जिससे वन विभाग के अधिकारी चिंतित हो गए। आखिरी लोकेशन पाकिस्तान के खानेवाल जिले की मिली थी।
पाक से संपर्क किया गया
सिग्नल गायब होने के बाद WWF-India ने WWF-Pakistan से संपर्क किया। पाकिस्तानी अधिकारियों और वहां के वन विभाग ने खोज अभियान चलाया और गिद्ध को खानेवाल के एक गांव से घायल अवस्था में बरामद किया। बताया जा रहा है कि पाकिस्तान के खानेवाल और मुल्तान क्षेत्र में आई भीषण आंधी और ओलावृष्टि के कारण गिद्ध घायल होकर जमीन पर गिर गया था।
अभी पाक के सेंटर में रखा गया
वर्तमान में इस गिद्ध को पाकिस्तान के चंगा मंगा वल्चर कंजर्वेशन सेंटर में रखा गया है। वहां के डॉक्टरों के अनुसार, गिद्ध को मामूली चोटें आई हैं और अब उसकी हालत स्थिर है। वह सामान्य रूप से भोजन कर रहा है।
घायल अवस्था में मिला था
यह एक मादा सिनेरियस वल्चर है, जिसे जनवरी 2026 में शाजापुर जिले से घायल अवस्था में रेस्क्यू किया गया था। भोपाल के वन विहार में इलाज के बाद इसे फिट घोषित कर प्रकृति में छोड़ा गया था। वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, यह गिद्ध अपने प्राकृतिक प्रवास मार्ग पर सेंट्रल एशिया की ओर जा रहा था।
विभाग लगातार नजर रख रहा है
रिपोर्ट्स के अनुसार, एक अन्य गिद्ध के भी सीमा के पास होने की सूचना है, जिस पर विभाग लगातार नजर रख रहा है। दोनों देशों की वन्यजीव संस्थाएं अब इस बात पर चर्चा कर रही हैं कि पूर्ण रूप से स्वस्थ होने के बाद इस गिद्ध को दोबारा सुरक्षित तरीके से कैसे छोड़ा जाए।
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