प्रदर्शनकारियों की गिरफ्तारी पर CJP की चेतावनी, कहा- 'यह युवाओं के भरोसे के साथ विश्वासघात'
नई दिल्ली: कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के मुख्य प्रवक्ता सौरभ दास ने सोमवार को असम, पश्चिम बंगाल और बिहार में छात्रों तथा अन्य प्रदर्शनकारियों की गिरफ्तारी और हिरासत में लिए जाने की खबरों पर चिंता जताई। उन्होंने केंद्र सरकार से सभी प्रदर्शनकारियों की तत्काल रिहाई और उनके खिलाफ दर्ज एफआईआर वापस लेने की मांग की।
'युवाओं के लिए यह पूरी तरह अस्वीकार्य'
X पर एक पोस्ट में सौरभ दास ने कहा, "विश्वासघात का यह कृत्य युवाओं को बिल्कुल भी स्वीकार्य नहीं होगा।" उन्होंने कहा कि भारत सरकार की ओर से प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कोई दंडात्मक कार्रवाई न करने का आश्वासन मिलने के बाद ही पार्टी ने अपना राष्ट्रव्यापी विरोध प्रदर्शन स्थगित किया था।
तीन राज्यों से मिलीं हिरासत की खबरें
दास ने कहा, "हमें असम, पश्चिम बंगाल और बिहार में विभिन्न सरकारी एजेंसियों द्वारा छात्रों और अन्य प्रदर्शनकारियों को निशाना बनाए जाने, हिरासत में लिए जाने या गिरफ्तार किए जाने की कई खबरें मिल रही हैं, जो बेहद चिंताजनक हैं।" उन्होंने कहा कि भाजपा या एनडीए शासित राज्यों में किसी भी प्रदर्शनकारी के खिलाफ वर्तमान या भविष्य में कोई कार्रवाई नहीं करने का भरोसा दिया गया था, इसलिए अब सामने आ रही खबरें चिंता बढ़ाने वाली हैं।
कानूनी मदद का दिया भरोसा
सौरभ दास ने कहा कि पार्टी की कानूनी टीम शुरुआत से ही हिरासत में लिए गए प्रदर्शनकारियों की रिहाई सुनिश्चित करने के लिए संबंधित राज्यों के वकीलों के साथ समन्वय कर रही है। उन्होंने कहा, "हम हर प्रदर्शनकारी को भरोसा दिलाते हैं कि उन्हें हर संभव कानूनी सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।"
केंद्र सरकार से तत्काल कार्रवाई की मांग
दास ने केंद्र सरकार, विशेष रूप से जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह से अपील की कि वे प्रदर्शनकारियों की रिहाई सुनिश्चित करें और देशभर में किसी भी प्रदर्शनकारी के खिलाफ दमनात्मक या प्रतिशोधात्मक कार्रवाई न करने के निर्देश जारी करें। उन्होंने यह भी मांग की कि सभी दर्ज एफआईआर तत्काल वापस ली जाएं।
28 जुलाई तक लिखित गारंटी की मांग
दास ने कहा कि भारत सरकार ने इस संबंध में लिखित गारंटी देने का भी आश्वासन दिया था और अब उसे 28 जुलाई 2026 तक पूरा किया जाना चाहिए। विरोध प्रदर्शन स्थगित करने के फैसले पर उन्होंने कहा कि यह सरकार के आश्वासन पर भरोसा करके लिया गया निर्णय था। यदि सरकार अपने वादे से पीछे हटती है तो यह केवल CJP ही नहीं, बल्कि उन लाखों युवाओं के विश्वास के साथ भी विश्वासघात होगा जिन्होंने विरोध के बजाय संवाद का रास्ता चुना। उन्होंने कहा, "सरकार की विश्वसनीयता सिर्फ वादे करने से नहीं, बल्कि उन्हें निभाने से बनती है।"
युवाओं से धैर्य रखने की अपील
युवा प्रदर्शनकारियों से दास ने धैर्य बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि पार्टी उनके साथ खड़ी है और पूरे घटनाक्रम पर नजर रखे हुए है। उन्होंने अंत में कहा कि सभी हिरासत में लिए गए लोगों को तत्काल, और हर हाल में अगले दिन तक रिहा किया जाए तथा सभी एफआईआर वापस ली जाएं, अन्यथा पार्टी आगे आवश्यक कदम उठाएगी।
ANI
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