ध्रुव राठी मानहानि मामले में दिल्ली कोर्ट का आदेश, वर्षों बाद नए सिरे से जारी होगा समन
नई दिल्ली: दिल्ली की एक अदालत ने वर्ष 2018 के मानहानि मामले में यूट्यूबर ध्रुव राठी को नए सिरे से समन जारी करने का आदेश दिया है। अदालत ने शिकायतकर्ता की उस दलील पर ध्यान दिया कि मामले में कार्यवाही शुरू होने के बाद से समन तामील कराने के कई प्रयास किए गए, लेकिन सफलता नहीं मिली। साकेत अदालत के न्यायिक मजिस्ट्रेट राहुल जैन ने 12 अक्टूबर को शिकायतकर्ता विकास सांकृत्यायन उर्फ विकास पांडे की ओर से दायर आवेदन स्वीकार करते हुए यह आदेश दिया। आवेदन में मामले की जल्द सुनवाई और व्यक्तिगत रूप से समन तामील कराने की अनुमति मांगी गई थी।
गुरुग्राम के पते पर भेजा जाएगा समन
शिकायतकर्ता के वकील अधिवक्ता समाक्ष शर्मा ने अदालत को बताया कि ध्रुव राठी के विदेश में रहने के कारण कई वर्षों से समन तामील नहीं हो पाया था। हालांकि, अदालत को बताया गया कि राठी फिलहाल भारत में हैं और हरियाणा के गुरुग्राम स्थित एक पते पर रह रहे हैं। मजिस्ट्रेट ने गौर किया कि राठी को पहली बार 23 जुलाई 2019 को समन भेजा गया था। शिकायतकर्ता की ओर से समन तामील कराने के लगातार प्रयास किए जाने के मद्देनजर अदालत ने उनके बताए पते पर नए सिरे से समन जारी करने का निर्देश दिया।
शिकायतकर्ता को प्रॉसिक्यूटर के साथ जाने की अनुमति
अदालत ने विकास पांडे को समन तामील कराने के लिए प्रॉसिक्यूटर के साथ जाने की अनुमति भी दी है। इसके साथ ही उन्हें दो दिनों के भीतर प्रॉसिक्यूटर का शुल्क जमा करने का निर्देश दिया गया है। मामले में अगली सुनवाई की तारीख 17 अक्टूबर 2026 तय की गई है। यह मामला मई 2018 में ध्रुव राठी की ओर से प्रकाशित एक वीडियो से जुड़ा है। शिकायत के मुताबिक, वीडियो में कथित तौर पर दावा किया गया था कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सूचना प्रौद्योगिकी प्रकोष्ठ ने विकास पांडे को राठी की छवि खराब करने के लिए रिश्वत देने की कोशिश की थी। यह वीडियो राठी के सोशल मीडिया अकाउंट पर पोस्ट किया गया था। बाद में दिल्ली के तत्कालीन मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी इसे रीट्वीट किया था।
ध्रुव राठी और अरविंद केजरीवाल के खिलाफ शिकायत
वीडियो और उसके प्रसार को लेकर विकास पांडे ने ध्रुव राठी और अरविंद केजरीवाल, दोनों के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया था। अब अदालत ने ध्रुव राठी को नए सिरे से समन जारी करने का निर्देश दिया है। मामले की अगली सुनवाई 17 अक्टूबर को होगी।
(एएनआई)
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