जिस डर से कभी अकेला नहीं छोड़ते थे परिजन... वही हुआ! 32 साल के युवक ने इस तरह खत्म की जिंदगी
औरंगाबाद {बिहार}: अम्बा थाना क्षेत्र अंतर्गत 32 वर्षीय युवक ने छत में लगे पंखे से फंदा लगाकर अपनी जान दे दी। इस घटना के बाद परिजनों में कोहराम मच गया। मृतक की पहचान महरूम शहाबुद्दीन अंसारी के 32 वर्षीय वसीम आलम उर्फ छोटू के रूप में की गई है। घटना को लेकर मृतक के बड़े भाई जफर आलम ने बताया कि गुरुवार की देर शाम सूचना मिली कि हमारा छोटा भाई काफी देर से घर पर नहीं है।
काफी देर तक नहीं मिला युवक
इस दौरान परिजनों ने अपने स्तर से इधर-उधर काफ़ी खोजबीन की, और उसे फोन किया गया। लेकिन पता नहीं चला। हालांकि वह थोड़ा मानसिक रूप से विक्षिप्त था जिसका इलाज चल रहा हैं। इसके पूर्व भी वह बिना बताएं चला जाता था। इसी क्रम में मेरे दुकान के ऊपर उसके मेडिकल दुकान पर जा कर देखा तो दुकान अंदर और पीछे से दरवाज़ा बंद था।
दरवाजा तोड़कर अंदर पहुंचे परिजन
काफी देर तक आवाज़ लगाने के बावजूद दरवाजा नहीं खोलने पर मिस्त्री बुलाकर दरवाजा तोड़ा गया। इसके बाद अंदर का नज़ारा देखकर स्तब्ध रह गए। मेरा भाई रस्सी के सहारे पंखा में फांसी लगा आत्महत्या कर लिया। इसके पहले भी वह आत्महत्या का प्रयास कर चुका हैं।
डर के कारण अकेला नहीं छोड़ते थे परिजन
हालांकि, परिवार के लोग इसी डर से उसे अकेले नहीं छोड़ते थे। घटना की सूचना पुलिस को दी गई जिसके आलोक में पहुंची पुलिस शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दी।
पुलिस ने शुरू की मामले की जांच
थानाध्यक्ष राहुल राज ने बताया कि परिजनों के अनुसार मानसिक रूप से विक्षिप्त युवक ने कमरे में फांसी लगा, आत्महत्या कर लिया है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है। घटना के सभी बिंदुओं पर जांच पड़ताल की जा रही है।