उमरिया के नौरोजाबाद वन परिक्षेत्र में वृक्षारोपण क

उमरिया में वृक्षारोपण में लापरवाही पर वनरक्षक निलंबित, डीएफओ ने की सख्त कार्रवाई

Forest Guard Suspended Over Lapses in Plantation Work in Umaria

उमरिया,(मध्य प्रदेश)। जिले के नौरोजाबाद वन परिक्षेत्र में वृक्षारोपण कार्य के निरीक्षण के दौरान सामने आई लापरवाही पर वन विभाग ने सख्त कार्रवाई की है। वनमंडलाधिकारी (डीएफओ) विवेक सिंह ने सस्तरा बीट के निरीक्षण के दौरान आवश्यक सुरक्षा व्यवस्थाओं का अभाव पाए जाने पर संबंधित वनरक्षक रघुवरशरण गौतम को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।

व्यवस्थाओं का अभाव गंभीर लापरवाही

जानकारी के अनुसार, डीएफओ विवेक सिंह विभागीय अधिकारियों के साथ नौरोजाबाद वन परिक्षेत्र की सस्तरा बीट में चल रहे वृक्षारोपण कार्य का निरीक्षण करने पहुंचे थे। निरीक्षण के दौरान उन्होंने पाया कि पौधों की सुरक्षा के लिए लगाए जाने वाले पोल, सुरक्षा जाली, प्रवेश द्वार (गेट) और सूचना बोर्ड मौके पर उपलब्ध नहीं थे। इन व्यवस्थाओं के अभाव को उन्होंने गंभीर लापरवाही माना।

वृक्षारोपण केवल पौधे लगाने तक सीमित नहीं

डीएफओ ने कहा कि वृक्षारोपण केवल पौधे लगाने तक सीमित नहीं है, बल्कि उनकी सुरक्षा और संरक्षण सुनिश्चित करना भी उतना ही आवश्यक है। यदि सुरक्षा संबंधी व्यवस्थाएं समय पर नहीं की जाती हैं तो पौधों के नष्ट होने का खतरा बढ़ जाता है, जिससे शासन के हरित अभियान का उद्देश्य प्रभावित होता है।

वनरक्षक रघुवरशरण गौतम हुए तत्काल निलंबित

प्रथम दृष्टया जिम्मेदारी संबंधित वनरक्षक रघुवरशरण गौतम की पाए जाने पर उन्हें तत्काल निलंबित करने के आदेश जारी किए गए। विभागीय स्तर पर मामले की विस्तृत जांच भी की जाएगी और यदि अन्य कर्मचारियों की भूमिका सामने आती है तो उनके विरुद्ध भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

कार्यों की गुणवत्ता और जवाबदेही से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं

डीएफओ विवेक सिंह ने स्पष्ट किया कि वन विभाग में कार्यों की गुणवत्ता और जवाबदेही से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सभी वन परिक्षेत्रों में नियमित निरीक्षण जारी रहेगा और जो भी कर्मचारी अपने दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही करेगा, उसके खिलाफ सख्त विभागीय कार्रवाई की जाएगी। 

वन विभाग ने सभी कर्मचारियों को दिए निर्देश

वन विभाग ने सभी मैदानी कर्मचारियों को निर्देश दिए हैं कि वृक्षारोपण एवं संरक्षण से जुड़े सभी कार्य निर्धारित मानकों के अनुसार समय पर पूरे किए जाएं, ताकि पर्यावरण संरक्षण के लक्ष्य को प्रभावी ढंग से हासिल किया जा सके। 

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