ग्रेटर नोएडा बस अग्निकांड: मध्य प्रदेश की ट्रेवल बस का बिहार में पंजीकरण और अन्य राज्यों के थे कागजात
ग्रेटर नोएडा (उत्तर प्रदेश)। यमुना एक्सप्रेसवे पर स्लीपर बस में आग लगने से नौ लोगों की मौत के बाद बस के संचालन और उसके दस्तावेजों को लेकर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं। नोएडा पुलिस की जांच में सामने आया है कि दिल्ली के कश्मीरी गेट से महोबा जा रही यह बस मध्य प्रदेश की राजकल्पना ट्रैवल्स की थी, जिसका पंजीकरण बिहार में हुआ था, जबकि फिटनेस प्रमाणपत्र राजस्थान और प्रदूषण प्रमाणपत्र हरियाणा से जारी किया गया था। पुलिस उपायुक्त ग्रेटर नोएडा रवि शंकर निम ने बताया कि बस का नोएडा में कोई निर्धारित ठहराव नहीं था और प्रारंभिक जांच में बस के एयर कंडीशनर में चिंगारी के कारण आग लगने की बात सामने आई है।
पुलिस जांच और दिल्ली पुलिस को पत्र भेजने की तैयारी
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जांच के दौरान यह बात सामने आई है कि बस मध्य प्रदेश से संचालित होने वाली राजकल्पना ट्रैवल्स की है और यह दिल्ली के कश्मीरी गेट से महोबा के लिए रवाना हुई थी। नोएडा पुलिस अब दिल्ली पुलिस को पत्र लिखकर यह जानकारी मांगेगी कि कश्मीरी गेट से इतनी बड़ी संख्या में बसों का कथित तौर पर अवैध रूप से संचालन किस प्रकार हो रहा है। पुलिस द्वारा बस के संचालन से जुड़े सभी पहलुओं की गहराई से जांच की जा रही है ताकि इस लापरवाही के लिए जिम्मेदार अन्य पक्षों का भी पता लगाया जा सके।
हादसे का विवरण और पुरानी घटनाएं चर्चा में
पुलिस के अनुसार, बुधवार देर रात हुई इस भीषण घटना के समय बस में कुल 35 यात्री सवार थे, जिनमें से 26 यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जबकि नौ लोगों की जलने और दम घुटने से मौत हो गई। इस मामले में प्राथमिकी दर्ज कर बस के चालक और परिचालक को पहले ही हिरासत में लिया जा चुका है। इस घटना के बाद कश्मीरी गेट से संचालित होने वाली बसों को लेकर पहले की लापरवाहियां भी चर्चा में आ गई हैं, क्योंकि इससे पहले चार अगस्त को भी इसी तरह कश्मीरी गेट से चलने वाली एक बस से जुड़े गंभीर मामले सामने आ चुके हैं, जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी थी।
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