शिवपुरी के नरवर किले से ऐतिहासिक तोप चोरी, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
शिवपुरी,(मध्यप्रदेश )। जिले के ऐतिहासिक नरवर किले से एक प्राचीन तोप चोरी होने का मामला सामने आने के बाद प्रशासन और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। किले की कचहरी में सुरक्षित रखी गई 14 ऐतिहासिक तोपों में से एक तोप गायब होने की सूचना ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
करीब 30 हथियारबंद बदमाशों ने घटना को दिया अंजाम
जानकारी के अनुसार, पुरातत्व विभाग के सुरक्षा कर्मियों का दावा है कि करीब 30 हथियारबंद बदमाशों ने घटना को अंजाम दिया। हालांकि इस दावे पर भी सवाल उठ रहे हैं। बताया जा रहा है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में इस तरह की एक ऐतिहासिक तोप की कीमत करोड़ों रुपये तक हो सकती है, जिससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि नरवर किला अपने भीतर कितनी बहुमूल्य ऐतिहासिक धरोहर समेटे हुए है।
पहले भी किले से एक तोप की हुई थी चोरी
यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी किले से एक तोप चोरी हुई थी, जिसे चोर नीचे तक ले आए थे। उस समय नरवर पुलिस ने कार्रवाई कर तोप बरामद कर ली थी, लेकिन उसे वापस किले तक नहीं पहुंचाया गया। आज भी वह तोप नरवर थाने के मुख्य द्वार के सामने रखी हुई है।
किले की सुरक्षा व्यवस्था लंबे समय से भगवान भरोसे
बताया गया कि पहले किले में तोपें अलग-अलग स्थानों पर रखी थीं, जिन्हें बाद में सुरक्षा के उद्देश्य से कचहरी परिसर में एक स्थान पर एकत्रित किया गया था। इसके बावजूद सुरक्षा में सेंध लगना गंभीर लापरवाही माना जा रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है, कि किले की सुरक्षा व्यवस्था लंबे समय से भगवान भरोसे है।
पुलिस और प्रशासन मामले की जांच में जुटी
दफीनाखोरों और अंतरराष्ट्रीय तस्करों की नजर पहले से ही इस ऐतिहासिक धरोहर पर बनी हुई है, लेकिन पुरातत्व विभाग ने सुरक्षा मजबूत करने की दिशा में प्रभावी कदम नहीं उठाए। फिलहाल पुलिस और प्रशासन मामले की जांच में जुटे हैं। वहीं इस घटना ने नरवर किले जैसी विश्वस्तरीय ऐतिहासिक धरोहर की सुरक्षा व्यवस्था पर कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
यह भी पढ़ेंः मुर्शिदाबाद में ट्रेन से टकराई स्कूल वैन, 3 छात्रों की मौत, कई घायल