मध्य प्रदेश के एक गांव में आसमान से गिरा विशाल गुब्बारा, लोगों की लग गई भारी भीड़
शाजापुर: मध्य प्रदेश में शाजापुर जिले के सलसलाई थाना क्षेत्र के ग्राम तिंगजपुर में बुधवार दोपहर उस समय ग्रामीणों में हलचल मच गई, जब आसमान में उड़ रहा एक विशाल गुब्बारा अचानक नीचे आकर खेत में गिर गया। शुरुआत में ग्रामीणों ने इसे ड्रोन या किसी अज्ञात उड़ने वाली वस्तु समझा, लेकिन बाद में पता चला कि वह मौसम विभाग का सर्वेक्षण उपकरण (वेदर बैलून सेंसर) था, जो तकनीकी खराबी आने के कारण नीचे गिर गया था। इस घटना की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए।
इसे देखने के लिए लोगों की लग गई भारी भीड़
ग्राम तिंगजपुर निवासी देवकरण चंद्रवंशी ने बताया कि दोपहर करीब एक बजे उन्होंने गांव के पास स्थित बीएसएनएल टावर के पास खेत में आसमान से एक बड़ी वस्तु को धीरे-धीरे नीचे आते देखा। पहले तो उन्हें लगा कि यह कोई ड्रोन या रहस्यमयी उड़ने वाली मशीन है, लेकिन पास जाकर देखने पर उसके साथ एक बड़ा गुब्बारा और नीचे इलेक्ट्रॉनिक उपकरण लगा हुआ दिखाई दिया। गांव में पहली बार ऐसी घटना होने के कारण इसे देखने के लिए लोगों की भीड़ लग गई।
मौसम का सर्वेक्षण करने वाला विशेष उपकरण
मौसम विशेषज्ञ सत्येंद्र धनोतिया ने बताया कि यह मौसम का सर्वेक्षण करने वाला विशेष उपकरण है, जिसे बड़े हीलियम गुब्बारे के माध्यम से आसमान में छोड़ा जाता है। गुब्बारे का आकार लगभग 10 से 15 फीट तक होता है। इसके नीचे लगे रेडियोसोंडे (सेंसर) के माध्यम से ऊंचाई पर तापमान, वायुदाब, आर्द्रता, हवा की गति और दिशा जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां लगातार रिकॉर्ड होकर भोपाल के बैरागढ़ स्थित मौसम केंद्र तक पहुंचती रहती हैं।
तत्काल डायल-112 और सलसलाई थाना पुलिस को दी सूचना
तकनीकी खराबी या गुब्बारे के फटने पर यह उपकरण पैराशूट या गुब्बारे के सहारे वापस जमीन पर आ जाता है। देवकरण चंद्रवंशी ने उपकरण को सुरक्षित अपने पास रखा और जिम्मेदारी का परिचय देते हुए तत्काल डायल-112 और सलसलाई थाना पुलिस को सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची और उपकरण को अपने कब्जे में लेकर सुरक्षित रख लिया। थाना पुलिस ने बताया कि मौसम विभाग को सूचना देकर नियमानुसार उपकरण उन्हें सौंप दिया जाएगा।
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