मुरैना में मुठभेड़ के दौरान घायल हुआ 20 मामलों का आरोपी कल्ली गुर्जर, पुलिस ने किया गिरफ्तार
मुरैना: चंबल अंचल में लंबे समय से आपराधिक गतिविधियों को अंजाम देकर पुलिस के लिए चुनौती बने 80 हजार रुपये के इनामी कुख्यात बदमाश कल्ली उर्फ किलेदार गुर्जर को आखिरकार मुरैना पुलिस ने मुठभेड़ के बाद पकड़ लिया। गुरुवार 5 नवंबर की सुबह थाना बानमोर क्षेत्र के ललितापुरा पहाड़ी गांव के पास जंगलों में पुलिस और बदमाशों के बीच आमना-सामना हो गया। करीब तीन घंटे तक चले पुलिस ऑपरेशन के दौरान दोनों ओर से गोलीबारी हुई। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में कल्ली गुर्जर के पैर में गोली लगी, जबकि उसका साथी अजय गुर्जर भी घायल हो गया। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से अवैध हथियार और बड़ी संख्या में कारतूस बरामद किए हैं।
तीन हथियार और 61 कारतूस बरामद
पुलिस के अनुसार, कुख्यात बदमाश कल्ली गुर्जर और उसके साथी की गतिविधियों पर पुलिस लंबे समय से नजर रख रही थी। गुरुवार सुबह पुलिस टीम को उसकी मौजूदगी की सूचना मिली। इसके बाद बानमोर और सिविल लाइन थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने ललितापुरा पहाड़ी के जंगलों में घेराबंदी की गई। पुलिस को सामने देखकर बदमाशों ने कथित तौर पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की। लगभग तीन घंटे तक चले ऑपरेशन के दौरान कल्ली गुर्जर के पैर में गोली लग गई। उसका साथी अजय गुर्जर भी घायल हो गया। इसके बाद पुलिस टीम ने दोनों को अपने कब्जे में लेकर अस्पताल पहुंचाया। मुठभेड़ के बाद पुलिस ने मौके से कल्ली गुर्जर के कब्जे से 32 बोर की अवैध देसी पिस्टल, 306 बोर की एक कंपनी मेड रायफल और 49 जिंदा कारतूस बरामद किए। वहीं, उसके साथी अजय गुर्जर के कब्जे से 12 बोर की कंपनी मेड रायफल और 12 जिंदा कारतूस जब्त किए गए हैं। इस तरह पुलिस ने दोनों आरोपियों से कुल तीन हथियार और 61 जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। पुलिस अब जब्त हथियारों के संबंध में भी जांच कर रही है कि उनका इस्तेमाल किन आपराधिक घटनाओं में किया गया है।
गिरफ्तारी पर 80 हजार का इनाम
पुलिस के मुताबिक, कल्ली उर्फ किलेदार गुर्जर आदतन और सक्रिय अपराधी है। उसके खिलाफ मुरैना जिले के विभिन्न थानों में हत्या, हत्या के प्रयास, लूट, मारपीट, फायरिंग, अवैध वसूली, शासकीय कार्य में बाधा डालने और अवैध शराब तस्करी जैसे गंभीर अपराधों सहित कुल 20 आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं। इनमें से 9 मामलों में वह फरार चल रहा था। अलग-अलग अपराधों में उसकी गिरफ्तारी पर कुल 80 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश कर रही थी, लेकिन वह लगातार ठिकाने बदलकर गिरफ्तारी से बच रहा था। कुख्यात बदमाश की लगातार बढ़ती आपराधिक गतिविधियों को देखते हुए पुलिस अधीक्षक धर्मराज मीना ने उसकी गिरफ्तारी को प्राथमिकता में रखा था। पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में विशेष रणनीति तैयार कर पुलिस की अलग-अलग टीमें गठित की गईं। निरीक्षक दीपेंद्र यादव थाना प्रभारी बानमोर और निरीक्षक उदयभान सिंह थाना प्रभारी सिविल लाइन के नेतृत्व में टीमों को जिम्मेदारी सौंपी गई थी।
80 हजार का इनामी बदमाश गिरफ्तार
पुलिस द्वारा मुखबिर तंत्र सक्रिय किया गया और आरोपी के संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही थी। उसके निवास स्थानों और अन्य संभावित ठिकानों पर भी तलाशी अभियान चलाया गया। इसी अभियान के दौरान गुरुवार सुबह करीब 11 बजे पुलिस को कल्ली गुर्जर के ललितापुरा पहाड़ी गांव के पास जंगलों में होने की जानकारी मिली। सूचना मिलते ही संयुक्त पुलिस टीम मौके पर पहुंची और इलाके की घेराबंदी की। पुलिस के मुताबिक, खुद को घिरता देखकर बदमाशों ने पुलिस टीम पर गोलियां चलाईं। इसके बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की। करीब तीन घंटे तक चले इस ऑपरेशन के बाद पुलिस को बड़ी सफलता मिली और 80 हजार रुपये का इनामी बदमाश अपने साथी के साथ पकड़ में आ गया। पुलिस प्रेस नोट के अनुसार, कल्ली गुर्जर मुरैना जिले के अलग-अलग थाना क्षेत्रों के अलावा आसपास के सीमावर्ती जिलों में भी गंभीर आपराधिक घटनाओं में सक्रिय था। उसकी गतिविधियों के चलते क्षेत्र में भय और असुरक्षा का माहौल बन रहा था।
आरोपियों से नेटवर्क और हथियारों के स्रोत की पूछताछ जारी
पुलिस अब उसके आपराधिक नेटवर्क, सहयोगियों और अन्य संभावित वारदातों के संबंध में भी जानकारी जुटा रही है। साथ ही यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि उसके पास अवैध हथियार कहां से आए और किन लोगों ने उसे संरक्षण या सहयोग दिया। पुलिस अधीक्षक धर्मराज मीना के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुरेंद्र पाल सिंह डावर के मार्गदर्शन में घटनास्थल पर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई और साक्ष्य संकलन किया जा रहा है। दोनों आरोपियों के खिलाफ थाना बानमोर में अलग से आपराधिक प्रकरण दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। लंबे समय से फरार चल रहे 80 हजार रुपये के इनामी बदमाश की गिरफ्तारी को मुरैना पुलिस की बड़ी सफलता माना जा रहा है। खास बात यह है कि आरोपी के खिलाफ दर्ज 20 आपराधिक मामलों में से 9 में वह फरार था। पुलिस अब उससे पूछताछ कर उसके अन्य आपराधिक मामलों, साथियों और हथियारों के स्रोत के बारे में जानकारी जुटाने में लगी है।
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