खंडवा में आवारा कुत्तों की नसबंदी फंड में भ्रष्टाच

खंडवा में कुत्ते का मुखौटा पहनकर अनोखा विरोध, नसबंदी फंड में कथित भ्रष्टाचार का आरोप

Khandwa Dog Mask Protest Over Sterilization Funds

खंडवा (मध्य प्रदेश)। खंडवा कलेक्ट्रेट में एक व्यक्ति ने कुत्ते का मुखौटा पहनकर अनोखा सांकेतिक विरोध प्रदर्शन किया। उसने आरोप लगाया कि आवारा कुत्तों की नसबंदी के लिए मिले फंड का गलत इस्तेमाल हुआ है। शिकायतकर्ता ने कहा, "शहर में आवारा कुत्तों की बढ़ती संख्या के कारण "हमारी बदनामी हो रही है।" व्यक्ति मंगलवार को साप्ताहिक जन शिकायत सुनवाई में पहुंचा और खंडवा नगर निगम के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। उसके साथ खंडवा नगर निगम के विपक्ष के नेता मुल्लू राठौर भी थे, जिन्होंने शहर में आवारा कुत्तों की समस्या को उजागर करने के उद्देश्य से किए गए इस विरोध प्रदर्शन का समर्थन किया।

न्याय पाने और भ्रष्टाचार उजागर करने की अनोखी पहल

अपने अनोखे विरोध प्रदर्शन के बारे में बताते हुए व्यक्ति ने कहा कि उसने न्याय पाने और नगर निकाय के नसबंदी कार्यक्रम में कथित भ्रष्टाचार की ओर ध्यान आकर्षित करने के लिए कुत्ते का मुखौटा पहना था। शिकायतकर्ता ने ANI को बताया, "मैंने यह न्याय के लिए किया। हमारी बदनामी हो रही है लेकिन असली गलती नगर निगम की है। वे हमारे नाम पर भ्रष्टाचार कर रहे हैं, नसबंदी के नाम पर भ्रष्टाचार कर रहे हैं। हमें गलत तरीके से जिम्मेदार ठहराया जा रहा है।"

फंड मिलने के बाद भी नसबंदी न होने का गंभीर आरोप

उन्होंने आरोप लगाया कि नगर निगम को नसबंदी के लिए फंड मिला था लेकिन यह काम नहीं किया गया। इसके परिणामस्वरूप आवारा कुत्तों की आबादी बढ़ गई। उन्होंने कहा, "हमें हमारी नसबंदी के नाम पर फंड मिला, लेकिन कोई नसबंदी नहीं की गई और इससे हमारी आबादी बढ़ गई। लोगों को लगता है कि हम उन्हें काटते हैं, लेकिन इसमें हमारी कोई गलती नहीं है।" प्रदर्शनकारी ने यह भी दावा किया कि आवारा कुत्तों को खाना खोजने में काफी मुश्किल हो रही है, और इसी वजह से कुत्तों के लोगों का पीछा करने की घटनाएं हो रही हैं। उन्होंने कहा, "पहले हमें कुछ न कुछ खाने को मिल जाता था, लेकिन अब ऐसा नहीं होता। इसलिए, स्वाभाविक है कि हम लोगों का पीछा करेंगे।"

जिला प्रशासन से जांच और सख्त कार्रवाई की मांग

उन्होंने जिला प्रशासन से इन आरोपों की जांच करने और नसबंदी कार्यक्रम के लिए आवंटित फंड का गलत इस्तेमाल करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की। उन्होंने कहा, "हम कलेक्टर से न्याय की मांग करते हैं। हमारे नाम पर धन की हेराफेरी करने वालों और हमें बदनाम करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।" शिकायतकर्ता ने कहा, "मुझे पता है कि मैं वायरल हो गया हूं। मुझे भरोसा है कि मुझे न्याय मिलेगा।" गौरतलब है कि इस प्रदर्शन ने नगर निगम के आवारा कुत्तों की नसबंदी के कार्यक्रम के कार्यान्वयन से संबंधित आरोपों और शहर में आवारा कुत्तों की आबादी को संभालने के बड़े मुद्दे की ओर ध्यान खींचा है। ​(भाषांतर: Ravi Pandey । इनपुट: ANI)

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