कोलकाता के नंदन से हटाई गई ममता बनर्जी की नेमप्लेट, नारंगी रंग से रंगी जगह
कोलकाता (पश्चिम बंगाल): पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की नेमप्लेट को कोलकाता के सांस्कृतिक केंद्र नंदन के मुख्य हॉल से हटा दिया गया है। नेमप्लेट हटाए जाने के बाद उस जगह को नारंगी रंग से रंग दिया गया है। वहीं, ममता बनर्जी से पहले मुख्यमंत्री रहे ज्योति बसु के नाम वाली पट्टिका परिसर में पहले की तरह मौजूद है।
कोलकाता फिल्म फेस्टिवल से पहले हुई कार्रवाई
यह घटनाक्रम सालाना कोलकाता इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल (KIFF) से पहले सामने आया है। नंदन के मुख्य हॉल में ममता बनर्जी के नाम की पट्टिका हटाई गई है, जबकि पूर्व मुख्यमंत्री ज्योति बसु के नाम वाली पट्टिका में कोई बदलाव नहीं किया गया है। रविवार को INDIA ब्लॉक ने चुनावी मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों और विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान के खिलाफ दिल्ली के रामलीला मैदान में बड़ी रैली आयोजित की। इसमें लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव समेत कई विपक्षी नेता शामिल हुए। इस दौरान ममता बनर्जी ने कहा कि पश्चिम बंगाल के लोग SIR अभियान से प्रभावित हुए हैं और वह इसके खिलाफ अपनी लड़ाई जारी रखेंगी।
ममता बनर्जी ने BJP पर लगाया बंगाल को लूटने का आरोप
रामलीला मैदान में INDIA ब्लॉक की रैली को संबोधित करते हुए ममता बनर्जी ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर पश्चिम बंगाल को लूटने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की रक्षा के लिए राजनीतिक और लोकतांत्रिक तरीकों से संघर्ष जारी रहेगा। उन्होंने कहा, "बंगाल SIR के हालात का शिकार है। हम हार नहीं मानेंगे। हम अपनी जान दे देंगे, हम लड़ेंगे, लेकिन आत्मसमर्पण नहीं करेंगे। उन्होंने हमारे बंगाल को लूटा है। हम लोकतंत्र को बचाएंगे और इसे वापस लाएंगे। हम राजनीति के जरिए बदला लेंगे। हम लोकतंत्र के जरिए बदला लेंगे। हम लड़ेंगे।"
SIR के खिलाफ विपक्षी नेताओं ने किया प्रदर्शन
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान के खिलाफ आयोजित इस रैली में कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खड़गे, सोनिया गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा समेत INDIA ब्लॉक के कई नेता शामिल हुए। देशभर से विपक्षी दलों के नेता और समर्थक INDIA ब्लॉक के 'चलो दिल्ली' विरोध मार्च में शामिल होने के लिए रामलीला मैदान पहुंचे। प्रदर्शनकारियों ने SIR अभियान और मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों को लेकर चिंता जताई। यह मार्च मिंटो रोड-कनॉट प्लेस जंक्शन से शुरू होकर रामलीला मैदान पहुंचा। गौरतलब है कि इससे पहले 31 अक्टूबर को भी राष्ट्रीय राजधानी में मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ सार्वजनिक 'महाभियोग' कार्यक्रम आयोजित किया गया था।
(ANI)
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