एमसीएक्स पर ट्रेडिंग टाइम में बदलाव का एलान
मुंबई। देश में मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर ट्रेडिंग के समय में जल्द बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। देश के सबसे बड़े कमोडिटी एक्सचेंज Multi Commodity Exchange (MCX) ने ट्रेडिंग घंटों में बदलाव का ऐलान किया है। कमोडिटी मार्केट में ट्रेडिंग करने वाले निवेशकों को इस बदलाव के बाद नॉन-एग्री कमोडिटी में रात तक खरीद फरोख्त की सुविधा मिलेगी। MCX के अनुसार, नॉन-एग्री कमोडिटी जैसे गोल्ड, सिल्वर, क्रूड ऑयल और बेस मेटल में ट्रेडिंग सुबह 9:00 बजे से शुरू होकर रात 11:30 बजे तक चलेगी। एमसीएक्स ने यह फैसला अमेरिकी Daylight Saving Time में बदलाव के कारण लिया गया है।
क्या है MCX और कैसे करता है काम
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) भारत का प्रमुख सरकारी मान्यता प्राप्त (SEBI-विनियमित) एक्सचेंज है। इसकी स्थापना 2003 में हुई थी। इस प्लेटफार्म पर मुख्य रूप से बुलियन, धातु, ऊर्जा और कृषि जैसे क्षेत्रों में कमोडिटी डेरिवेटिव्स (वायदा) की खरीद-बिक्री की जाती है। यह इलेक्ट्रॉनिक प्लेटफॉर्म सोना, चांदी, कच्चा तेल, तांबा, एल्युमीनियम और कपास जैसी वस्तुओं में जोखिम प्रबंधन और मूल्य निर्धारण की सुविधा प्रदान करता है। गौरतलब है कि गोल्ड, सिल्वर और क्रूड ऑयल जैसी कमोडिटी की कीमतें वैश्विक बाजार से सीधे प्रभावित होती हैं। ऐसे में ट्रेडिंग टाइम बढ़ने से इन कमोडिटी में सक्रिय निवेशकों को सबसे ज्यादा फायदा होने की उम्मीद है।
अंतरराष्ट्रीय समय के अंतर का असर
दुनिया के अलग अलग देशों के समय में परिवर्तन के कारण इंटरनेशनल कमोडिटी मार्केट और भारत में एमसीएक्स के समय में इस फर्क का सीधा असर नहीं भारतीय निवेशकों पर पड़ता है। अलग अलग देशों के समय में फर्क को देखते हुए देश के निवेशकों को कारोबार का बेहतर अवसर दिलाने के उद्देश्य से Multi Commodity Exchange (MCX) ने ट्रेडिंग टाइम में बदलाव का ऐलान किया है। यह बदलाव 9 मार्च 2026 से लागू होगा।
नए ट्रेडिंग टाइम की पूरी जानकारी
MCX टाइमिंग में यह बदलाव अमेरिकी Daylight Saving Time में बदलाव के चलते किया जा रहा है। MCX द्वारा जारी सर्कुलर के मुताबिक, नॉन-एग्री कमोडिटी जैसे गोल्ड, सिल्वर, क्रूड ऑयल और बेस मेटल में ट्रेडिंग सुबह 9:00 बजे शुरू होगी और रात 11:30 बजे तक चलेगी। वहीं, क्लाइंट कोड मॉडिफिकेशन का समय सुबह 9:00 बजे से रात 11:45 बजे तक रहेगा। इसका मतलब यह है कि निवेशकों को अब देर रात तक ट्रेडिंग और पोजीशन मैनेज करने का मौका मिलेगा।
एग्री कमोडिटी के लिए अलग समय
वहीं चुनिंदा एग्री कमोडिटी जैसे कॉटन, कॉटन ऑयल और कपास में ट्रेडिंग सुबह 9:00 बजे से रात 9:00 बजे तक होगी। इन कमोडिटी में क्लाइंट कोड मॉडिफिकेशन का समय रात 9:15 बजे तक रहेगा। इसके अलावा अन्य सभी एग्री कमोडिटी में ट्रेडिंग सुबह 9:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक होगी और क्लाइंट कोड मॉडिफिकेशन शाम 5:15 बजे तक किया जा सकेगा।
ग्लोबल मार्केट से तालमेल होगा आसान
यह बदलाव खास तौर पर उन निवेशकों के लिए अहम है, जो इंटरनेशनल मार्केट के मूवमेंट को ध्यान में रखकर ट्रेडिंग करते हैं। अमेरिका और यूरोप के कमोडिटी मार्केट रात के समय सक्रिय रहते हैं, ऐसे में MCX के ट्रेडिंग टाइम बढ़ने से भारतीय निवेशकों को ग्लोबल मार्केट के साथ बेहतर तालमेल का मौका मिलेगा। Daylight Saving Time के दौरान अमेरिका में समय एक घंटा आगे कर दिया जाता है, जिससे भारत और अमेरिका के समय का अंतर बदल जाता है। इसी बदलाव के कारण MCX को अपने ट्रेडिंग टाइम में संशोधन करना पड़ता है, ताकि ग्लोबल कमोडिटी प्राइस मूवमेंट का सही असर भारतीय बाजार में दिख सके। इस बदलाव का सबसे ज्यादा असर गोल्ड, सिल्वर और क्रूड ऑयल जैसे कमोडिटी में ट्रेड करने वाले निवेशकों पर पड़ेगा, क्योंकि इनकी कीमतें ग्लोबल मार्केट से सीधे प्रभावित होती हैं। अब निवेशकों को देर रात तक ट्रेडिंग का मौका मिलेगा, जिससे वे अंतरराष्ट्रीय कीमतों के हिसाब से बेहतर फैसले ले सकेंगे। कमोडिटी ट्रेडर्स और ब्रोकरेज फर्म्स के लिए भी यह बदलाव महत्वपूर्ण है, क्योंकि उन्हें अपने सिस्टम और ऑपरेशन को नए ट्रेडिंग टाइम के अनुसार अपडेट करना होगा।
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