मुरैना में अवैध रेत खनन पर शिकंजा, पुलिस और वन विभाग ने जेसीबी से खुदवाए गहरे गड्ढे
मुरैना (मध्य प्रदेश)। चंबल नदी से अवैध रेत उत्खनन और परिवहन पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस एवं वन विभाग की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए रेत परिवहन में इस्तेमाल होने वाले वैकल्पिक रास्तों को अवरुद्ध कर दिया। ग्राम रिठौरा से चंबल नदी की ओर जाने वाले कच्चे मार्गों पर जेसीबी मशीन की मदद से गहरे गड्ढे खुदवाए गए, ताकि ट्रैक्टर-ट्रॉलियों, डंपरों और अन्य भारी वाहनों की आवाजाही रोकी जा सके।
चंबल नदी तक पहुंचने वाले कच्चे एवं वैकल्पिक रास्ते चिह्नित
पुलिस अधीक्षक धर्मराज मीणा के निर्देश पर जिले में अवैध रेत उत्खनन, परिवहन और भंडारण के विरुद्ध कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुरेंद्र पाल सिंह डाबर तथा नगर पुलिस अधीक्षक कविंद्र चौहान के मार्गदर्शन में 21 अक्टूबर को संयुक्त टीम ने रिठौरा क्षेत्र में चंबल नदी तक पहुंचने वाले कच्चे एवं वैकल्पिक रास्तों को चिह्नित किया।
रास्तों के बीच गहरे गड्ढे खुदवाकर आवागमन किया बाधित
इसके बाद जेसीबी मशीन से रास्तों के बीच गहरे गड्ढे खुदवाकर आवागमन बाधित किया गया। कार्रवाई का उद्देश्य उन मार्गों का इस्तेमाल रोकना है, जिनके जरिए अवैध रूप से रेत का परिवहन किए जाने की आशंका रहती है। कार्रवाई में सरायछोला थाना प्रभारी उपनिरीक्षक के.के. सिंह के नेतृत्व में पुलिस के 10 जवान और वन विभाग के रेंजर लक्ष्मण सहित आठ अधिकारी-कर्मचारी शामिल रहे।
अवैध परिवहन पर अंकुश लगाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम
चंबल नदी क्षेत्र में अवैध रेत उत्खनन पर्यावरण और प्राकृतिक संसाधनों के लिए गंभीर चुनौती है। ऐसे में वैकल्पिक रास्तों को बंद करने की कार्रवाई को अवैध परिवहन पर अंकुश लगाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। हालांकि, अवैध उत्खनन पर स्थायी रोक के लिए नदी क्षेत्र में लगातार निगरानी और नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई भी जरूरी होगी।
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