प्रधानमंत्री मोदी के 25 वर्षों के सेवा संकल्प ने देश को दी सुशासन और राष्ट्रहित की नई दिशा: केशव प्रसाद मौर्य
वाराणसी (उत्तर प्रदेश)। उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने आज वाराणसी में राज्यसभा सांसद एवं भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन तथा असम राज्य के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा का पुष्प गुच्छ भेंटकर स्वागत किया। इस अवसर पर मौर्य ने माननीय राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की गरिमामयी उपस्थिति में ‘वडनगर से वाराणसी’ पहुंचे सेवा यात्रियों के सम्मान में आयोजित कार्यक्रम में सहभागिता की तथा सेवा यात्रियों पर पुष्प वर्षा कर उनका उत्साहवर्धन किया।
वडनगर से वाराणसी तक हुई यात्रा
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 25 वर्षों की सेवा यात्रा जनसेवा, सुशासन और राष्ट्रहित के प्रति उनके निरंतर समर्पण का प्रतीक है। वडनगर से वाराणसी तक की यह यात्रा केवल एक यात्रा नहीं, बल्कि सेवा, संकल्प और समाज के प्रति दायित्व की भावना को जन-जन तक पहुंचाने का माध्यम बनी है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने सार्वजनिक जीवन में अपने 25 वर्षों के कार्यकाल के दौरान गरीब, किसान, मजदूर, महिला, युवा और समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए निरंतर कार्य किया है।
विकसित भारत के संकल्प के साथ देश का जनमानस
उनके नेतृत्व में देश ने विकास, सुशासन, आत्मनिर्भरता और राष्ट्रहित के क्षेत्र में नए आयाम स्थापित किए हैं। प्रधानमंत्री का जीवन और कार्य देशवासियों को राष्ट्रसेवा के लिए प्रेरणा प्रदान करता है। मौर्य ने कहा कि ‘वडनगर से वाराणसी’ की सेवा यात्रा प्रधानमंत्री के जीवन संघर्ष, संगठन के प्रति समर्पण और देशसेवा की भावना को जन-जन से जोड़ने का महत्वपूर्ण प्रयास है। सेवा यात्रियों का उत्साह और समर्पण इस बात का प्रमाण है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सेवा, सुशासन और विकसित भारत के संकल्प के साथ देश का जनमानस मजबूती से खड़ा है।
विभिन्न लोगों की रही उपस्थिति
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा, उत्तर प्रदेश भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष एवं केंद्रीय राज्य मंत्री पंकज चौधरी, उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक, उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्रीगण, सांसद एवं भाजपा युवा मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. हेमांग जोशी, जनप्रतिनिधिगण, भाजपा के पार्टी पदाधिकारीगण तथा अन्य गणमान्यजन की उपस्थिति रही।
यह भी पढ़ेंः 8 अक्टूबर 2026 गुरुवार को आश्विन कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि और पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र का संयोग