फागवारा स्थित लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी में छात्र

LPU विवाद पर महिला आयोग की नजर, सुरक्षा और जांच की रिपोर्ट तलब

LPU विवाद पर महिला आयोग की नजर

चंडीगढ़: पंजाब राज्य महिला आयोग ने कपूरथला के उपायुक्त और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से फागवारा स्थित लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी में एक छात्रा से जुड़ी कथित घटना के संबंध में विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। 28 सितंबर को जारी एक पत्र में आयोग ने कहा कि मीडिया रिपोर्टों और छात्राओं द्वारा लगाए गए आरोपों के कारण यह मामला उनके संज्ञान में आया है। आयोग ने कहा कि इस घटना से विश्वविद्यालय परिसर में छात्राओं की सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं।

LPU मामले में आयोग ने मांगी FIR और जांच की जानकारी

आयोग ने संबंधित अधिकारियों को घटना के संबंध में दर्ज एफआईआर और विशेष जांच दल द्वारा की जा रही जांच के बारे में जानकारी प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है। आयोग ने छात्राओं की सुरक्षा व्यवस्था का विवरण भी मांगा है। अधिकारियों से छात्राओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन और पुलिस द्वारा उठाए गए कदमों और घटना से संबंधित प्राप्त शिकायतों पर की गई कार्रवाई का विवरण भी देने को कहा गया है। इस बीच डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि 26 और 27 सितंबर की दरमियानी रात को लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी में कुछ घटनाओं को लेकर देर रात अफवाहें फैलने के बाद हंगामा शुरू हुआ। 

LPU में अफवाहों के बाद हंगामा

गौरव यादव ने कहा, लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी में कुछ घटनाओं को लेकर देर रात अफवाहें फैलने लगीं। इसके बाद बड़ी संख्या में छात्र बाहर आ गए। तोड़फोड़ हुई और गेट के एक हिस्से में आग लगा दी गई। उन्होंने बताया कि वरिष्ठ पुलिस अधिकारी विश्वविद्यालय पहुंचे और प्रशासन के खिलाफ शिकायत रखने वाले छात्रों से बातचीत की। उन्होंने कहा, छात्रों को विश्वविद्यालय प्रशासन से कुछ शिकायतें थीं और वे कुछ खास घटनाओं को लेकर बेहद नाराज थे। इसलिए, उनके, पुलिस और विश्वविद्यालय प्रशासन के बीच सेतु का काम करते हुए, हमने छात्रों के साथ बातचीत की।

दोषियों पर सख्त कार्रवाई का भरोसा

गौरव यादव ने बताया कि पुलिस ने जानबूझकर न्यूनतम बल का प्रयोग करने का फैसला किया और छात्रों की चिंताओं को दूर करने के लिए उनसे बैठकें की गईं, जिनमें लड़कियों के छात्रावास में केवल महिला कर्मचारियों की मांग भी शामिल थी। डीजीपी ने बताया कि एफआईआर दर्ज कर ली गई है और मामले की जांच के लिए एक उच्च स्तरीय एसआईटी का गठन किया गया है। छात्रों से संबंधित इस घटना में जो भी शामिल होगा, उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। चाहे वह विश्वविद्यालय प्रशासन का कोई भी व्यक्ति हो या कोई और कानून अपना काम करेगा। 

LPU हंगामे में बाहरी लोगों की भूमिका का शक

गौरव यादव ने बताया कि पुलिस सीसीटीवी फुटेज और अन्य वैज्ञानिक तरीकों से तोड़फोड़ में शामिल लोगों की पहचान करेगी। उन्होंने बाहरी लोगों की संलिप्तता की ओर इशारा करते हुए कहा, यहां वॉकी-टॉकीज़ मिली हैं। वॉकी-टॉकीज़ मिलने के कारण ही हमें बाहरी लोगों की भूमिका का संदेह हुआ है। उन्होंने जनता से अपुष्ट अफवाहों पर भरोसा न करने की अपील की और मीडिया से केवल विश्वसनीय स्रोतों से ही जानकारी देने का आग्रह किया। ये घटनाक्रम पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान द्वारा दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के आदेश और डीजीपी यादव को एलपीयू में स्थिति का व्यक्तिगत रूप से जायजा लेने के निर्देश के बाद सामने आए हैं। 

(इनपुट: ANI)

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