नए पादरी की नियुक्ति तक चर्च की देखभाल की जिम्मेदा

पादरी जसपाल भट्टी के निलंबन के बाद चर्च परिसर की बढ़ाई गई सुरक्षा, 24 घंटे कड़ा पहरा

सहारनपुर में चर्च परिसर की बढ़ाई गई सुरक्षा

सहारनपुर: सेवेंथ-डे एडवेंटिस्ट चर्च के परिसर और संपत्ति की सुरक्षा को लेकर अपर गंगेज सेक्शन प्रशासन ने स्थानीय पुलिस को पूर्व सूचना दी है। संगठन के अध्यक्ष पादरी बरकत मसीह के अनुसार, सहारनपुर चर्च संगठन के अधीन आता है और वर्तमान में यहां से जुड़े पादरी जसपाल भट्टी न्यायिक हिरासत में हैं। प्रशासन का कहना है कि उन्हें संगठनात्मक स्तर पर निलंबित कर उनके अधिकार वापस ले लिए गए हैं। पादरी बरकत मसीह ने बताया कि जसपाल भट्टी के खिलाफ सामने आई शिकायतों और आरोपों की जांच के लिए संगठन की ओर से इंक्वारी कमिशन गठित किया गया है। 

चर्च की संपत्ति और पेड़ों की बिक्री के आरोपों की प्रशासनिक जांच शुरू

प्रशासन के अनुसार, चर्च परिसर के कुछ पेड़ों को बेचे जाने, चर्च की संपत्ति बेचने के लिए कथित तौर पर अग्रिम धनराशि लेने, कुछ स्वयंसेवकों पर धनराशि को लेकर दबाव बनाने और चर्च सदस्यों से प्राप्त दान की पूरी रसीद नहीं दिए जाने सहित कई आरोपों की जांच की जा रही है। साथ ही, जसपाल भट्टी के परिवार के सदस्यों द्वारा चर्च के नियमित कार्य में हस्तक्षेप की आशंका भी प्रशासन ने जताई है। पादरी बरकत मसीह के मुताबिक, चर्च की संपत्ति की सुरक्षा के लिए प्रशासन ने परिसर में एक नोटिस बोर्ड लगाया था, जिसमें संपत्ति से संबंधित चेतावनी और सूचना दी गई थी। उनका आरोप है कि यह नोटिस बोर्ड भी फाड़ दिया गया। प्रशासन ने इस घटना की सूचना पुलिस को दे दी है।

चर्च भवन और रिकॉर्ड की सुरक्षा के लिए 24 घंटे कड़े पहरे के निर्देश

उन्होंने बताया कि जब तक नए पादरी की नियुक्ति नहीं होती, तब तक चर्च की देखभाल की जिम्मेदारी अधिकृत स्वयंसेवक रजनीश कुमार को दी गई है। चर्च भवन, मुख्य गेट, पादरी कार्यालय, रिकॉर्ड और अन्य संपत्ति की सुरक्षा के लिए ताले लगाने और 24 घंटे सुरक्षा व्यवस्था रखने की बात भी प्रशासन ने कही है।

थाना स्तर से मिला आवश्यक सहयोग का आश्वासन

पुलिस को दी गई सूचना में कहा गया है कि अगर किसी व्यक्ति द्वारा जबरन परिसर में प्रवेश, ताले तोड़ने, संपत्ति या रिकॉर्ड हटाने और नुकसान पहुंचाने, नोटिस बोर्ड को क्षति पहुंचाने या कानून-व्यवस्था बिगाड़ने का प्रयास किया जाता है, तो ऐसी स्थिति में पुलिस सहायता उपलब्ध कराई जाए। पादरी बरकत मसीह ने बताया कि थाना स्तर से भी कानून-व्यवस्था की स्थिति उत्पन्न होने पर आवश्यक सहयोग का आश्वासन दिया गया है। 

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