बाल्मीकि जयंती पर अखिलेश यादव का बड़ा ऐलान, सरकार बनने पर आउटसोर्सिंग होगी खत्म
लखनऊ (उत्तर प्रदेश)। समाजवादी पार्टी ने लखनऊ स्थित प्रदेश मुख्यालय के डॉ. राममनोहर लोहिया सभागार में महर्षि बाल्मीकि जयंती पर विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया। राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कार्यक्रम में शिरकत करते हुए पार्टी की भावी नीतियों और वादों का ऐलान किया, जिससे राज्य के राजनीतिक गलियारों में सुगबुगाहट तेज हो गई है।
लखनऊ मुख्यालय में भव्य आयोजन
समाजवादी पार्टी ने आज लखनऊ समेत पूरे प्रदेश में आदिकवि महर्षि बाल्मीकि जयंती पर विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। मुख्य कार्यक्रम समाजवादी पार्टी प्रदेश मुख्यालय के डॉ. राममनोहर लोहिया सभागार में संपन्न हुआ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने आदिकवि महर्षि बाल्मीकि के चित्र पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें नमन किया।
सार्वजनिक अवकाश और बड़े आयोजनों का वादा
अखिलेश यादव ने महर्षि बाल्मीकि जयंती पर प्रदेशवासियों को बधाई देते हुए वर्तमान सरकार पर निशाना साधा और अपनी पिछली सरकार के फैसलों को याद किया। उन्होंने कहा कि "समाजवादी पार्टी की सरकार में महर्षि बाल्मीकि जयंती की सार्वजनिक छुट्टी होती थी। समाजवादी पार्टी की सरकार में फिर से सार्वजनिक छुट्टी होगी। सरकारी अवकाश होगा। जयंती पर बड़े पैमाने पर कार्यक्रम होगा।"
आउटसोर्सिंग व्यवस्था पर कड़ा प्रहार
युवाओं और कर्मचारियों के रोजगार के मुद्दे पर बोलते हुए यादव ने आउटसोर्सिंग की व्यवस्था को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि "आउटसोर्सिंग ऐसी जुगाड़ व्यवस्था है जिसमें नौकरियों में आरक्षण छीना गया है। चरम सीमा पर शोषण है। समाजवादी पार्टी की सरकार में आउटसोर्सिंग खत्म करेंगे। संविदा सफाई कर्मचारियों को लेकर नेताजी ने समाजवादी सरकार में बहुत महत्वपूर्ण फैसला लिया था।"
सफाई कर्मियों और वाल्मीकि समाज के लिए घोषणाएं
पार्टी के आगामी एजेंडे को स्पष्ट करते हुए यादव ने भरोसा दिलाया कि आगामी चुनावों के लिए जारी होने वाले घोषणा पत्र में समाज के उत्थान के लिए कई योजनाएं शामिल की जाएंगी। उन्होंने कहा कि "जब सपा का घोषणा पत्र आएगा तो उसमें कई योजनाओं को लाकर सफाई कर्मियों की मांगों को पूरा करेंगे। वाल्मीकि समाज जिन कालोनियों में रह रहा है उसकी योजना बनाकर रहने वाले लोगों को मालिकाना हक देंगे। गरीबों को अलग से सभी सुविधाओं से युक्त घर बनाकर देंगे।"
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