यूपी विधानसभा मॉनसून सत्र: सपा का जोरदार प्रदर्शन, राम मंदिर चंदा, NEET पेपर लीक और बिजली-खाद संकट पर सरकार को घेरा
लखनऊ (उत्तर प्रदेश)। उत्तर प्रदेश विधानसभा का मॉनसून सत्र शुरू होने पर सोमवार को समाजवादी पार्टी (SP) के विधायकों ने विधानसभा के बाहर विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने अयोध्या राम मंदिर चंदे में कथित हेराफेरी, NEET पेपर लीक, बिजली की समस्या और खाद की कमी जैसे मुद्दों पर नारे लगाए। समाजवादी पार्टी के नेता शिवपाल सिंह यादव ने विधानसभा सत्र की अवधि की आलोचना करते हुए आरोप लगाया कि सरकार जनता से जुड़े अहम मुद्दों पर चर्चा से बच रही है।
शिवपाल यादव ने साधा निशाना
यादव ने पत्रकारों से कहा, "देखिए, तीन दिन का सत्र बुलाकर यह सरकार निंदनीय काम कर रही है। राज्य में कई समस्याएं हैं और सरकार इन समस्याओं - जैसे चंदे की चोरी और युवाओं के मुद्दों - से भाग रही है। लोकतंत्र में इतने कम समय में समस्याओं का समाधान नहीं निकल सकता। इसलिए, हम इतने छोटे सत्र को बुलाने के लिए इस सरकार की निंदा करते हैं।"
विभिन्न मुद्दों पर विरोध जारी
विरोध प्रदर्शन के दौरान, सपा विधायकों ने भाजपा सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए जनता के अहम मुद्दों को हल करने में नाकाम रहने का आरोप लगाया। ANI से बात करते हुए समाजवादी पार्टी के एक विधायक ने कहा कि यह विरोध प्रदर्शन राज्य को प्रभावित करने वाले कई मुद्दों को लेकर किया जा रहा है। विधायक ने कहा, "आज हम भगवान श्री राम के मंदिर के लिए लोगों द्वारा दिए गए चंदे में भारतीय जनता पार्टी द्वारा की गई हेराफेरी के खिलाफ विरोध कर रहे हैं। हम देश के विभिन्न मुद्दों जैसे NEET पेपर लीक, बिजली की समस्या और खाद की कमी को लेकर भी विरोध कर रहे हैं।"
सत्ता पक्ष का पलटवार
विपक्ष की आलोचना का जवाब देते हुए, उत्तर प्रदेश के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि विपक्ष के पास कोई ठोस एजेंडा नहीं है, फिर भी वे मुद्दे खड़े करने की कोशिश कर रहे हैं। राज्य में विकास लोगों की उम्मीदों से बेहतर हुआ है। योगी सरकार हर मामले का हर तरह से जवाब देने में सक्षम है। उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने भी विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि उनके पास न तो कोई मुद्दा है और न ही कोई एजेंडा। पाठक ने पत्रकारों से कहा "वे बस समय बर्बाद कर रहे हैं। उनसे पूछिए कि उनके कार्यकाल में राज्य की क्या हालत थी।" (भाषांतर: Ravi Pandey । इनपुट: ANI)