टीएमसी प्रतिनिधिमंडल ने कहा, खून से रंगे हैं चुनाव आयोग के हाथ
टीएमसी प्रतिनिधिमंडल ने कहा, खून से रंगे हैं चुनाव आयोग के हाथ
टीएमसी नेताओं और मुख्य चुनाव आयुक्त की बैठक
कोलकाता। टीएमसी के प्रतिनिधि मंडल ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पश्चिम बंगाल में एसआइआर की वजह से मृत बीओएल और साधारण वोटरों की सूची सौंपते हुए कहा कि चुनाव अयोग के हाथ खून से रंगे हुए हैं। टीएमसी के दस सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल और चुनाव आयोग के साथ हुई बैठक दो घंटे तक चली। बैठक में हुई चर्चा से टीएमसी का प्रतिनिधिमंडल काभी नाखुश है। चुनाव आयोग ने उसके पूछे पांच सवालों में से किसी भी सवाल का जवाब नहीं दिया। बैठक के बाद टीएमसी के सांसद डेरेक ओ ब्रायन, डोला सेन, साकेत गोखले, ममता ठाकुर, महुआ मोइत्रा समेत प्रतिनिधि मंडल के दूसरे सदस्यों ने संवाददाताओं के साझा बातचीत में जानकारी देते हुए बताया कि प्रतिनिधि मंडल ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पश्चिम बंगाल में एसआइआर की वजह से चालीस मृत बीएलओ और साधारण वोटरों के नामों की सूची सौपते हुए विस्तार से जिक्र किया कि किस तरह काम के बोझ के कारण बीएलओ को आत्महत्या करनी पड़ी। नदिया जिले में कृष्णनगर में बीएलओ ने अपने सोसाइड नोट में चुनाव आयोग को जिम्मेदार ठहराया है। प्रतिनिधि मंडल ने उदारण देकर बताया कि कई बीएलओ अस्वस्थ हो गए हैं और अस्पताल में है। इसके अलावा एसआइआर के दहशत से साधारण वोटरों ने आत्महत्या की। प्रतिनिधि मंडल ने साफ कहा कि चुनाव आयोग के हाथ खून से रंग गए हैं। चुनाव मुख्य आयुक्त ने प्रतिनिधि मंडल के समक्ष दावा किया कि बीएलओ सुचारू रुप से कार्य कर रहे हैं और एसआइआर के कार्य में प्रगति है। उन्होंने मिली तमाम शिकायतों पर गौर किया है।
नेता बोले, एसआईआर से नहीं जल्दीबाजी पर आपत्ति
टीएमसी प्रतिनिधिमंडल ने साफ कहा कि उनकी पार्टी को एसआइआर से कोई परहेज नहीं है। लेकिन जिस तरह से जल्दबाजी में एसआइआर का कार्य कराया जा रहा है, उस पर आपत्ति है। बिहार में जिस तरह से एसआइआर कराया गया उसी तरह पश्चिम बंगाल में चुनाव कराया जा रहा है। उन्होंने साफ किया कि ऐसा राजनीति से प्रेरित हो रहा है। 2002 में एसआइआर का कार्य पूरा होने में दो साल का समय लगा था। लेकिन यह कार्य अब दो महीने में पूरा कराया जा रहा है। टीएमसी प्रतिनिधि मंडल ने कहा कि मिजोरम, त्रिपुरा, अरुणाचल, नगालैंड में क्यों नहीं एसआइआर कराया जा रहा है, जबकि पश्चिम बंगाल में कराया जा रहा है। टीएमसी सांसदों ने जानकारी दी कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने चार चरणों में आखिरी वोटर लिस्ट तैयार की जाएगी। टीएमसी के प्रतिनिधिमंडल में सुदीप बनर्जी, सौगत राय, कल्याण बनर्जी, डेरेक ओ ब्रायन, शताब्दी राय, डोला सेन, महुआ मोइत्रा, प्रकाश चिक बड़ाइक, सजदा अहमद, ममता बाला ठाकुर और साकेत गोखले शामिल थे। कहना न होगा कि एसआइआर का विरोध करते हुए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी चुनाव आयोग को दो पत्र लिख चुकी हैं। वे एसआइआर को स्थगित करने की मांग कर चुकी हैं। इसके बाद टीएमसी के राष्ट्रीय महासचिव व सांसद अभिषेक बनर्जी के नेतृत्व में पार्टी के सांसदों, मंत्रियों, विधयकों, पदाधिकारियों की बैठक में मुख्य चुनाव आयोग से मुलाकात के लिए अपने दस सदस्यीय प्रतिनिधि मंडल को भेजने का निर्णय लिया गया।
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