दिव्यांगजनों की पेंशन ₹300 से बढ़ाकर ₹1,500 प्रतिमाह की गई, उनके सम्मान और कल्याण के लिए सरकार प्रतिबद्ध: केशव मौर्य
प्रयागराज (उत्तर प्रदेश)। प्रयागराज में उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र परिसर में आयोजित दिव्यांग समागम एवं संस्कृति महोत्सव में उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने दिव्यांगजनों का अभिनंदन करते हुए कहा कि वे समाज की प्रेरणा और सामर्थ्य के प्रतीक हैं। उन्होंने कहा कि सरकार दिव्यांगजनों के सम्मान, कल्याण और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए प्रतिबद्ध है। उप मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने विकलांग शब्द को बदलकर दिव्यांग किया और उन्हें सम्मान के साथ नई पहचान प्रदान की।
दिव्यांग बच्चों की प्रस्तुति और शिक्षकों के समर्पण की सराहना
कार्यक्रम में दिव्यांग बच्चों द्वारा प्रस्तुत हनुमान अंश फिल्म की प्रस्तुति की उप मुख्यमंत्री ने सराहना की। उन्होंने कहा कि बच्चों की प्रतिभा और उनकी प्रस्तुति अत्यंत प्रशंसनीय है। इसके साथ ही उन्होंने बच्चों को तैयार करने वाले शिक्षकों के समर्पण, परिश्रम और लगन की भी प्रशंसा की। उन्होंने बच्चों की प्रतिभा को प्रोत्साहित करने और उनके प्रयासों को सम्मान देने की बात कही।
दिव्यांग पेंशन ₹300 से बढ़ाकर ₹1,500 प्रतिमाह
केशव प्रसाद मौर्य ने दिव्यांगजनों के कल्याण के लिए प्रदेश सरकार की ओर से उठाए गए कदमों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि दिव्यांगजन पेंशन को 300 रुपये से बढ़ाकर 1,500 रुपये प्रतिमाह कर दिया गया है। इसके अलावा आवासहीन पात्र दिव्यांगजनों को मुख्यमंत्री आवास योजना के अंतर्गत आवास उपलब्ध कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार दिव्यांगजनों की जरूरतों और समस्याओं को लेकर गंभीर है तथा उनके कल्याण के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
दिव्यांगजनों की स्वास्थ्य समस्याओं के समाधान के लिए विशेष दिन
उप मुख्यमंत्री ने संबंधित स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देश दिए कि दिव्यांगजनों की स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के समाधान के लिए सप्ताह में एक दिन निर्धारित किया जाए। इससे दिव्यांगजनों को अपनी स्वास्थ्य समस्याओं के समाधान के लिए सुविधा मिल सकेगी। उन्होंने अधिकारियों से इस दिशा में आवश्यक कदम उठाने को कहा।
सामूहिक विवाह की धनराशि संबंधी विसंगति दूर करने का आश्वासन
केशव प्रसाद मौर्य ने दिव्यांगजनों के सामूहिक विवाह में मिलने वाली धनराशि से संबंधित विसंगति को दूर करने का भी आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि इस समस्या के समाधान के लिए जल्द आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। साथ ही उन्होंने पात्र दिव्यांगजनों से अपील की कि यदि वे किसी सरकारी योजना के लाभ से वंचित हैं तो अपनी शिकायत लिखित रूप में दें। उनकी शिकायतों का समाधान कराया जाएगा।
दिव्यांग एवं वृद्धजन संस्थानों को सहयोग देने की अपील
उप मुख्यमंत्री ने संस्थान के प्रबंधन से कहा कि सरकार से अपेक्षित सहयोग के लिए प्रस्ताव प्रस्तुत करें। उन्होंने समाज के समर्थ लोगों से भी दिव्यांगजनों और वृद्धजनों के लिए काम करने वाले संस्थानों को आर्थिक सहयोग देने की अपील की। उन्होंने कहा कि ऐसे संस्थानों को सहयोग मिलने से उनके कार्यों को आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी।
कार्यक्रम में कई जनप्रतिनिधि और पदाधिकारी रहे मौजूद
दिव्यांग समागम एवं संस्कृति महोत्सव में प्रांत अध्यक्ष योगेंद्र वाजपेयी, प्रांत सेवा प्रमुख युद्धवीर, महानगर अध्यक्ष संजय गुप्ता, गंगा पार अध्यक्ष निर्मला पासवान और यमुना पार अध्यक्ष राजेश शुक्ला उपस्थित रहे। इनके अलावा विधायक गुरु प्रसाद मौर्य और जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. बी.के. सिंह सहित अन्य गणमान्यजन भी कार्यक्रम में शामिल हुए।
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