राष्ट्रपति मुर्मू के सिलीगुड़ी के कार्यक्रम में प्

केंद्र को भेजी गई रिपोर्ट में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का बचाव

केंद्र को भेजी गई रिपोर्ट में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का बचाव

राष्ट्रपति की सिलीगुड़ी यात्रा पर मांगी थी रिपोर्ट

कोलकाता। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के सिलीगुड़ी के कार्यक्रम में प्रोटोकोल उल्लंघन के मामले में पश्चिम बंगाल सरकार की ओर से केंद्रीय गृह मंत्रालय को भेजी गई रिपोर्ट में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का बचाव किया गया है।  सूत्रों के अनुसार केंद्रीय गृह सचिव गोविंद मोहन ने पश्चिम बंगाल की मुख्य सचिव नंदिनी चक्रवर्ती को पत्र लिख कर सिलीगुड़ी में हुए अंतरराष्ट्रीय संथाली सम्मेलन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के मौजूद होने पर प्रोटोकोल उल्लंघन की घटना के बारे में रिपोर्ट मांगी थी।  उल्लेखनीय है कि राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मूं के कार्यकर्म में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी मौजूद नहीं थी। राज्य के कोई मंत्री या बड़े अधिकारी भी मौजूद नहीं हुए। स्थानीय प्रशासन द्वारा मंजूरी नहीं मिलने की वजह से  कार्यक्रमस्थल में फेरबदल हुआ। रष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने दुख जताया था।

मुख्यमंत्री ममता बनर्जी मे कानून विभाग को खुद देखेंगी

कोलकाता। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी कानून विभाग की जिम्मेदारी खुद संभलेगी। कानून मंत्री मलय घटक अपने पद पर बने भर रहेंगे। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी बार काउंसिल के चुनाव में मलय घटक की भूमिका से नाराज है।  सूत्रों का कहना है कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी राज्य में विधानसभा चुनाव को देखते हुए पार्टी के मंत्रियों, विधायकों, सांसदों की गतिविधियों पर नजर रख रही हैं। वे पार्टी की छवि और अनुशासन पर किसी तरह की आंच नहीं आने देना चाहतीं। कानून मंत्री मलय घटक के खिलाफ उन्हें अनुशासनहीनता की शिकायतें मिल रही थीं।

इसे भी पढ़ेंः

पश्चिम एशिया संकट के बीच घरेलू LPG की निर्बाध आपूर्ति के लिए EC एक्ट लागू

https://www.primenewsnetwork.in/india/govt-invokes-essential-commodities-act-to-ensure-lpg-supply/148328