महिला के अनुसार, इस मामले में झालावाड़ कोतवाली में

महिला ने बैंक अधिकारियों पर लगाया उसके नाम से फर्जी लोन जारी करने का आरोप

पत्रकारों को अपनी पीड़ा बताती महिला

झालावाड़ (राजस्थान): झालावाड़ शहर की शुभम सिटी निवासी एवं मकान मालकिन रेखा सक्सेना ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से बैंक अधिकारियों और कर्मचारियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने दावा किया है कि उन्होंने कभी किसी बैंक से ऋण नहीं लिया और न ही किसी ऋण संबंधी दस्तावेज पर हस्ताक्षर किए, लेकिन उनके नाम से फर्जी हस्ताक्षरों के आधार पर ऋण स्वीकृत कर दिया गया।

एक आरोपी के खिलाफ वारंट भी 

 रेखा सक्सेना के अनुसार, इस मामले में झालावाड़ कोतवाली में दर्ज एफआईआर संख्या 306/25 के तहत विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज है। उनका आरोप है कि बैंक मैनेजर तथा कुछ कर्मचारियों की मिलीभगत से यह ऋण स्वीकृत किया गया। प्रेस वार्ता में उन्होंने बताया कि मामले से जुड़े एक आरोपी के खिलाफ वारंट भी जारी हो चुका है। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि डीआरटी (ऋण वसूली न्यायाधिकरण) द्वारा दिए गए आदेशों की पालना नहीं की गई और उनकी जानकारी के बिना उनके मकान का ताला खोलकर कब्जा संबंधी कार्रवाई की गई।

उसके घर को बार-बार खोला और बंद किया जा रहा

 रेखा सक्सेना ने यह भी कहा कि उनके घर को बार-बार खोला और बंद किया जा रहा है, जिससे उन्हें चोरी या अन्य अप्रिय घटनाओं की आशंका बनी हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि उनकी जानकारी के बिना ऋण दस्तावेज तैयार किए गए तथा बैंक रिकॉर्ड में कई अनियमितताएं हैं। महिला ने कहा कि पिछले एक वर्ष से वह लोगों की मदद से अपना जीवनयापन कर रही हैं और इस पूरे घटनाक्रम से उन्हें आर्थिक, मानसिक एवं शारीरिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है।

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