एक व्यक्ति और परिवार की गलती की कीमत चुकाता था पूरा उत्तर प्रदेश: सीएम योगी
लखनऊ (उत्तर प्रदेश)। डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान के छठे स्थापना दिवस समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि गलती एक व्यक्ति करता है, लेकिन उसकी कीमत पूरे संस्थान और पूरे उत्तर प्रदेश को पहचान के संकट, अराजकता और भ्रष्टाचार के रूप में चुकानी पड़ती थी। आज पारदर्शिता और शुचिता के साथ आगे बढ़ रहे उत्तर प्रदेश के सामने ऐसा कोई संकट नहीं है और प्रदेश के नागरिक गर्व के साथ अपनी पहचान बता सकते हैं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने संस्थान में अंग प्रत्यारोपण यूनिट समेत कई अत्याधुनिक चिकित्सा सुविधाओं का लोकार्पण किया।
साढ़े नौ वर्ष में 9.5 लाख युवाओं को सरकारी नौकरियां
मुख्यमंत्री ने कहा कि नियुक्ति प्रक्रिया जितनी पारदर्शी होगी, उसके परिणाम उतने ही बेहतर होंगे। यदि चयन प्रक्रिया में विसंगति या भेदभाव होगा तो उसकी भारी कीमत पूरे सिस्टम को चुकानी पड़ती है। उन्होंने जानकारी दी कि पिछले साढ़े नौ वर्षों में प्रदेश में 9.5 लाख युवाओं को पूरी पारदर्शिता के साथ सरकारी नौकरियां दी गई हैं। वर्तमान सरकार के कार्यकाल में किसी भी युवा को भेदभाव या लेनदेन का सामना नहीं करना पड़ा है। इस समय प्रदेश में करीब 16 लाख सरकारी कर्मचारी हैं, जिनमें से बड़ी संख्या में युवा कार्यबल प्रदेश की प्रगति को नई गति दे रहा है।
स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार और मेडिकल कॉलेजों में वृद्धि
स्वास्थ्य ढांचे पर बात करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि 2017 से पहले प्रदेश में कुल 41 मेडिकल कॉलेज थे, जिनकी संख्या बढ़कर अब 85 हो गई है। इसके अलावा एमबीबीएस और पीजी की सीटों में भी भारी बढ़ोतरी हुई है। कभी 20 बेड के छोटे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के रूप में शुरू हुआ लोहिया संस्थान आज 1,400 बेड के सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल में बदल चुका है। संस्थान में जल्द ही बोन मैरो ट्रांसप्लांट की सुविधा भी शुरू होगी, जिससे गंभीर मरीजों को बड़ी राहत मिलेगी। कार्यक्रम के दौरान उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक और अन्य गणमान्य लोग भी मौजूद रहे।
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