उत्तर कोरिया ने दिखाई AI-संचालित ड्रोन तकनीक की ताकत, पहली बार 600 mm स्नाइपर रॉकेट लॉन्चर का किया प्रदर्शन
सियोल (दक्षिण कोरिया)। उत्तर कोरिया ने अपनी मानवरहित हवाई तकनीक (Unmanned Aerial Technology) और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित रक्षा क्षमताओं का प्रदर्शन किया है। इस दौरान पहली बार सार्वजनिक रूप से 600 mm 'स्नाइपर' मल्टीपल रॉकेट लॉन्चर भी दिखाया गया। योनहाप समाचार एजेंसी की शुक्रवार की रिपोर्ट के अनुसार, इस कार्यक्रम में उत्तर कोरिया के नेता किम जोंग-उन भी मौजूद रहे। उन्होंने ड्रोन तकनीक में 'पूर्ण श्रेष्ठता' हासिल करने का आह्वान किया।
किम जोंग-उन की मौजूदगी में हुआ सैन्य प्रदर्शन
उत्तर कोरिया की सरकारी समाचार एजेंसी कोरियन सेंट्रल न्यूज एजेंसी (KCNA) के अनुसार, गुरुवार को मानवरहित हवाई तकनीक पर आयोजित प्रदर्शनी में कई तरह के ड्रोन और आधुनिक युद्ध प्रणालियों को प्रदर्शित किया गया। इस दौरान टैक्टिकल सुसाइड अटैक ड्रोन, टैक्टिकल क्रूज मिसाइलें और मल्टी-पर्पस ड्रोन शामिल थे। इसके अलावा 600 mm मल्टीपल रॉकेट लॉन्चर से लैस एक बटालियन ने भी अपनी क्षमता दिखाई।
ड्रोन और मिसाइलों ने लक्ष्य पर किया सटीक हमला
KCNA की रिपोर्ट के मुताबिक, प्रदर्शन के दौरान टैक्टिकल सुसाइड अटैक ड्रोन, मल्टी-पर्पस ड्रोन से दागी गई हवा से सतह पर मार करने वाली मिसाइलों और क्रूज मिसाइलों ने अपने लक्ष्य पर निशाना साधा। एजेंसी ने दावा किया कि इन हथियारों ने एक छोटे द्वीप पर 100 प्रतिशत सटीकता के साथ हमला किया। रिपोर्ट में कहा गया कि इस प्रदर्शन के जरिए हथियारों की मारक क्षमता और सटीकता को प्रदर्शित किया गया।
पहली बार सार्वजनिक हुआ 600 mm 'स्नाइपर' रॉकेट लॉन्चर
प्रदर्शनी का प्रमुख आकर्षण 600 mm 'स्नाइपर' मल्टीपल रॉकेट लॉन्चर रहा, जिसे पहली बार सार्वजनिक रूप से प्रदर्शित किया गया। KCNA ने दावा किया कि प्रदर्शन के दौरान सभी प्रमुख हथियार प्रणालियों की युद्ध-विश्वसनीयता और प्रभावशीलता को सफलतापूर्वक सत्यापित किया गया। उत्तर कोरियाई मीडिया की तस्वीरों में 10 से अधिक 600 mm रॉकेट लॉन्चर एक साथ फायर करते दिखाई दिए।
तस्वीरों में दक्षिण कोरिया और अमेरिकी टैंकों जैसे नकली लक्ष्य
उत्तर कोरिया की सरकारी मीडिया द्वारा जारी तस्वीरों में ड्रोन से मिसाइलें दागते हुए और सुसाइड अटैक ड्रोन को नकली लक्ष्यों पर हमला करते हुए दिखाया गया है। माना जा रहा है कि इन नकली लक्ष्यों में दक्षिण कोरिया की सीमावर्ती चौकियों और अमेरिकी M1 अब्राम्स टैंकों को दर्शाया गया था। तस्वीरों में एक साथ कई रॉकेट लॉन्चर से फायरिंग का दृश्य भी सामने आया है।
किम जोंग-उन ने ड्रोन तकनीक में पूर्ण श्रेष्ठता पर दिया जोर
अपने संबोधन में किम जोंग-उन ने देश की मानवरहित हवाई क्षमताओं का तेजी से विस्तार और उन्हें मजबूत करने की जरूरत बताई। उन्होंने ड्रोन तकनीक में पूर्ण श्रेष्ठता स्थापित करने पर जोर दिया। KCNA के अनुसार, किम ने कहा, "शक्ति का सीधा अर्थ शांति है, और शांति केवल शक्ति से ही सुनिश्चित हो सकती है। आज की इस शोर-शराबे वाली दुनिया में जीवित रहने के लिए यह एक सामान्य समझ की बात है।"
AI और मानवरहित विमानन तकनीक विकसित करने का आह्वान
किम जोंग-उन ने वैज्ञानिकों से राष्ट्रीय रक्षा के लिए मानवरहित विमानन तकनीक और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के विकास में पूरी ताकत लगाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा, "हमारे देश के वैज्ञानिकों को राष्ट्रीय रक्षा के लिए मानवरहित विमानन तकनीक और AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) के विकास में चमत्कारिक परिणाम हासिल करने के लिए पूरी ताकत लगा देनी चाहिए।"
उन्होंने आगे कहा कि उत्तर कोरिया परमाणु हथियार संपन्न देश की क्षमता हासिल कर चुका है और पारंपरिक हथियारों को अपग्रेड करने की दिशा में भी बड़ी प्रगति की है।
किम के साथ पत्नी और बेटी भी आईं नजर
सरकारी मीडिया की ओर से जारी तस्वीरों में किम जोंग-उन के साथ उनकी बेटी जू-ए और पत्नी री सोल-जू भी दिखाई दीं। इसके अलावा वर्कर्स पार्टी ऑफ कोरिया के केंद्रीय सैन्य आयोग के उपाध्यक्ष पाक जोंग-चोन भी मौजूद थे।
उत्तर कोरिया ने दागीं करीब 10 बैलिस्टिक मिसाइलें
इसी दौरान दक्षिण कोरिया के जॉइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ (JCS) ने वोनसान इलाके से पूर्वी सागर की ओर करीब 10 कम दूरी की बैलिस्टिक मिसाइलें दागे जाने का पता लगाया। इन मिसाइलों ने लगभग 250 किलोमीटर की दूरी तय की। गुरुवार को किया गया यह परीक्षण इस साल उत्तर कोरिया का 17वां बैलिस्टिक मिसाइल परीक्षण था। इससे पहले 12 अक्टूबर को भी उत्तर कोरिया ने मिसाइल लॉन्च की थी।
KN-25 रॉकेट लॉन्चर के इस्तेमाल की आशंका
सियोल के एक सैन्य अधिकारी के मुताबिक, माना जा रहा है कि इन परीक्षणों में उत्तर कोरिया के KN-25 सुपर-लार्ज 600 mm मल्टीपल रॉकेट लॉन्चर का इस्तेमाल किया गया। प्योंगयांग का दावा है कि इस लॉन्चर में 'हवासान-31' (Hwasan-31) टैक्टिकल परमाणु वॉरहेड लगाए जा सकते हैं।
वोंसान-कलमा हवाई अड्डे पर आयोजन होने का अनुमान
KCNA ने अभी तक प्रदर्शनी और हथियारों के प्रदर्शन की सटीक जगह का खुलासा नहीं किया है। हालांकि, सरकारी मीडिया की ओर से जारी तस्वीरों में दिखाई देने वाली संरचनाओं के आधार पर माना जा रहा है कि यह आयोजन वोंसान-कलमा हवाई अड्डे पर हुआ था। (Source: ANI)
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