कतर औद्योगिक हादसा: सभी 12 मृत भारतीयों के पार्थिव शरीर स्वदेश पहुंचा, अलखोर में घायलों से मिले राजदूत
दोहा/नई दिल्ली: कतर के रास लाफान औद्योगिक नगर में हुए भीषण हादसे में जान गंवाने वाले 8 भारतीयों का शव आज भारत पहुंचा। भारतीय दूतावास ने ट्वीट किया, ''रास लाफान हादसे में दुर्भाग्य से जान गंवाने वाले 8 भारतीय नागरिकों के शव 26 जून को भारत वापस लाए गए। सभी 12 शवों में से 4 शव 25 जून को ही वापस लाए जा चुके थे।
दूतावास ने कतर प्रशासन का जताया आभार
भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट साझा करते हुए कहा कि "रास लाफान दुर्घटना में जान गंवाने वाले 8 भारतीय नागरिकों के पार्थिव शरीर 26 जून को भारत वापस भेज दिए गए हैं। दोहा स्थित भारतीय दूतावास कतर के अधिकारियों, भारतीय समुदाय के संगठनों और भारत सरकार के अधिकारियों को उनके त्वरित सहयोग के लिए धन्यवाद देता है।"
अलखोर में घायलों से मिले भारतीय राजदूत
राजनयिक प्रयासों के तहत भारतीय राजदूत और दूतावास के वरिष्ठ अधिकारियों ने अलखोर का दौरा किया, जहां उन्होंने हादसे में घायल हुए कुछ भारतीय नागरिकों से मुलाकात की और उनका हौसला बढ़ाया। दूतावास ने पुष्टि की है कि सभी घायलों को उचित और उच्च स्तरीय चिकित्सा सहायता प्रदान की जा रही है। इसके लिए दूतावास ने कतर के अधिकारियों और नियोक्ता कंपनी के प्रतिनिधियों का आभार व्यक्त किया।
अमीर-ए-कतर ने पीएम मोदी से फोन पर व्यक्त किया था शोक
इससे पहले, नई दिल्ली में विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने इस भीषण औद्योगिक त्रासदी के बाद किए गए राजनयिक प्रयासों का विवरण दिया था। उन्होंने बताया था कि कतर के अमीर शेख तमीम बिन हमद अल थानी ने खुद भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को फोन किया था। अमीर-ए-कतर ने इस हादसे में 12 भारतीय नागरिकों की असामयिक मृत्यु पर गहरा दुख और संवेदना व्यक्त की थी। भारतीय दूतावास लगातार कतर प्रशासन और मृतक व घायल परिवारों के संपर्क में बना हुआ है ताकि प्रभावितों को हर संभव मदद पहुंचाई जा सके।