लंदन। पश्तून तहफ्फूज मूवमेंट की ब्रिटिश शाखा ने अं

पश्तूनों के दमन के खिलाफ आवाज उठाई

पश्तूनों के दमन के खिलाफ आवाज उठाई

लंदन। पश्तून तहफ्फूज मूवमेंट की ब्रिटिश शाखा ने अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार के सुझावों को न मानने पर उसकी कड़ी आलोचना की है। उसका आरोप है कि पाकिस्तानी सेना द्वारा पश्तूनों के मानवाधिकारों के पैरोकारों को जबरन गायब कर और पक्षपातपूर्ण हिरासत में लेकर दमन किया जा रहा है। 

'एक्स' पर पोस्ट ने जारी वक्तव्य में संगठन ने कहा है कि पाकिस्तान अंतर्राष्ट्रीय आदर्शों का पालन करने का दावा नहीं कर सकता क्योंकि उसकी सेना पश्तूनों के मानवाधिकारों की रक्षा के लिए संघर्षरत कार्यकर्ताओं के मामले में मौन है। संगठन ने मांग की है कि इन एक्टिविस्टों को जल्द रिहा किया जाए और जबरन गायब करने की प्रवृति पर रोक लगाई जाए। मूवमेंट का कहना है कि इन एक्टिविस्टों को उनके वकीलों, अदालतों और परिवार वालों से न मिलने देना अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार कानून का उल्लंघन है।

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