ईरान पर अमेरिकी नौसैनिक नाकाबंदी तेज, 5 वाणिज्यिक जहाजों का रास्ता बदला, 1 टैंकर किया निष्क्रिय
वॉशिंगटन डीसी: अमेरिकी केंद्रीय कमान (सेंटकॉम) ने शनिवार को बताया कि ईरान के खिलाफ फिर से शुरू की गई नौसैनिक नाकाबंदी के तहत अमेरिकी सेना ने अब तक पांच वाणिज्यिक जहाजों का मार्ग बदल दिया है, जबकि एक जहाज को निष्क्रिय कर दिया गया है।
अरब सागर में जारी है अभियान
सेंटकॉम के अनुसार, अमेरिकी नौसेना का युद्धपोत यूएसएस डोनाल्ड कुक (DDG-75) अरब सागर में अभियान चला रहा है। उसके साथ एमएच-60एस सी हॉक हेलीकॉप्टर भी तैनात है। अमेरिकी सेना का कहना है कि वह ईरान के खिलाफ लागू नौसैनिक नाकाबंदी को सख्ती से लागू कर रही है।
खाली तेल टैंकर को बनाया गया निशाना
सेंटकॉम ने बताया कि 15 जुलाई को एक खाली तेल टैंकर, जो कथित तौर पर ईरान के खारग द्वीप स्थित बंदरगाह की ओर जा रहा था, को निष्क्रिय कर दिया गया। अमेरिकी सेना का आरोप है कि जहाज ने कई चेतावनियों के बावजूद नाकाबंदी का उल्लंघन करने की कोशिश की।
हेलफायर मिसाइल से रोका गया जहाज
अमेरिकी सैन्य कमान के मुताबिक, कुराकाओ के ध्वज वाले एम/टी बेलमा नामक टैंकर को अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र में रोका गया। जब जहाज ने चेतावनियों का पालन नहीं किया, तो एक अमेरिकी विमान ने उसकी चिमनी पर हेलफायर मिसाइल दागकर उसे निष्क्रिय कर दिया। इसके बाद जहाज ईरान की ओर आगे नहीं बढ़ सका।
नाकाबंदी दोबारा लागू होने के बाद बढ़ी सख्ती
यह कार्रवाई अमेरिकी सेना द्वारा ईरानी बंदरगाहों और तटीय क्षेत्रों से आने-जाने वाले जहाजों के खिलाफ नौसैनिक नाकाबंदी दोबारा लागू किए जाने के बाद की गई है। सेंटकॉम का कहना है कि अभियान का उद्देश्य प्रतिबंधों का पालन सुनिश्चित करना है। यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब अमेरिका और ईरान के बीच तनाव लगातार बढ़ रहा है। पिछले महीने हुए 14 सूत्रीय समझौता ज्ञापन (एमओयू) के विफल होने के बाद दोनों देशों के बीच रिश्ते और अधिक तनावपूर्ण हो गए हैं। यह समझौता परमाणु कार्यक्रम और होर्मुज जलडमरूमध्य में समुद्री सुरक्षा जैसे मुद्दों पर बातचीत का आधार माना जा रहा था।
पश्चिम एशिया में बढ़ा संघर्ष
समझौता विफल होने के बाद पश्चिम एशिया में तनाव फिर से बढ़ गया है। अमेरिका ने ईरानी सैन्य और नागरिक ठिकानों पर हमले किए हैं, जबकि ईरान ने जवाबी कार्रवाई में खाड़ी क्षेत्र में मौजूद अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाया है।
ANI