कोलकाता। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने अपने धरना कार्यक्रम को स्थगित कर दिया और सुप्रीम कोर्ट की ओर से...
कोलकाता। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने अपने धरना कार्यक्रम को स्थगित कर दिया और सुप्रीम कोर्ट की ओर से एसआईआर के तहत विचाराधीन (अंडर एडज्युडिकेशन) वोटरों के बारे में दी गई व्यवस्था के प्रति संतोष जताया। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने एसआईआर के तहत वैध वोटरों के हटाए जाने के मुद्दे को लेकर चुनाव आयोग के विरोध में पिछले पांच दिन से कोलकाता के धर्मतला में मेट्रो चैनेल के पास धरना पर बैठी थी।
सुप्रीम कोर्ट ने विचाराधीन वोटरों के मामले में चुनाव आयोग को अलग कोई निर्देश देने या निर्णय लेने से अलग रहने और न्यायिक अधिकारियों को ही निर्णय लेने का निर्देश दिया है। सुप्रीम कोर्ट ने विचाराधीन वोटरों की शिकायत सुनने के लिए कलकत्ता हाई कोर्ट के प्रधान जज के नेतृत्व में अपीलेट ट्रिब्यूनल का गठन का भी निर्देश दिया है। विचाराधीन वोटरों की वोटर होने निश्चयता से मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की चिंता कम हुई है।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने स्पष्ट किया कि विचाराधीन वोटरों के लिए चुनाव आयोग की ओर से न्याय मिलने की कोई भी संभावना नहीं थी, लेकिन सुप्रीम कोर्ट के निर्दैश से न्याय मिलने की संभावना है। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का कहना है कि वे अस्थाई तौर पर अपने धरना कार्यक्रम को स्थगित किया है। वे आम लोगों के साथ हमेशा से खड़ी है। विधानसभा चुनाव में टीएमसी की जीत निश्चित है।
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