प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल के किसानों की समस्यायों को लेकर राज्य सरकार को कठघरे में खड़ा किया। इसके जवाब में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने पलटवार करते हुए अपनी सरकार का बचाव किया।
कोलकाता। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल के किसानों की समस्यायों को लेकर राज्य सरकार को कठघरे में खड़ा किया। इसके जवाब में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने पलटवार करते हुए अपनी सरकार का बचाव किया। किसानों के हित में किए गए कार्यों का ब्यौरा दिया। उन्होंने दावा किया कि कृषकबंधु (नई) योजना के तहत एक करोड़ 14 लाख किसानों, वर्गादारों और बटाईदारों को अब तक 30 हजार करोड़ से भी अधिक राशि प्रदान की गई है।
मोदी की रैली के दिन ही नंदीग्राम दिवस और किसान दिवस
इत्तफाकन कोलकाता क ब्रिगेड मैदान में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रैली के दिन ही पश्चिम बंगाल में नंदीग्राम दिवस और किसान दिवस था। 14 मार्च 2007 को पूर्व मेदिनीपुर जिले के नंदीग्राम में भूमि अधिग्रहण विरोध में किसान आंदोलन के दौरान हुई पुलिस फायरिंग में 14 आंदोलनकारियों की मौत हुई थी और इस तारीख को हर साल टीएमसी और सत्ता में आने के बाद उसकी सरकार नंदीग्राम दिवस और किसान दिवस मनाती है।
कृषकबंधु योजना से किसानों को आर्थिक मदद का दावा
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का कहना है कि कृषकबंधु (नई) योजना के तहत किसानों, वर्गादारों और खेत मजदूरों को सालाना 10 हजार रुपए दिए जाते हैं। कम जमीन वालों को चार हजार रुपए की सहायता दी जाती है। उन्हें खरीफ और रबी के मौसम के दौरान राशि सीधे उनके बैंक के खाते में जमा कर दिया जाता है। मुख्यमंत्री ममत बनर्जी ने कहा कि कृषकबंधु (मृत्युजनित सगायता) योजना के तहत एक करोड़ 70 लाख से अधिक किसान परिवारों के बीच करीब साढ़े तीन हजार करोड़ रुपए वितरित किए गए हैं।
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