Madhya Pradesh : रीवा। मध्य प्रदेश के रीवा ज़िले में एक मामला सामने आया है, जिसने पुलिस विभाग में हलचल मचा दी है। इससे समाज में महिलाओं केअधिकार, घरेलू हिंसा और..
Madhya Pradesh : रीवा। मध्य प्रदेश के रीवा ज़िले में एक मामला सामने आया है, जिसने पुलिस विभाग में हलचल मचा दी है। इससे समाज में महिलाओं के अधिकार, घरेलू हिंसा और प्रशासनिक जवाबदेही पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक पुलिस कर्मी की पत्नी ने अपने पति पर बर्बरता, शारीरिक शोषण और जबरन गर्भपात कराने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला का कहना है कि शादी के बाद से ही उसका जीवन नरक बन गया। उसे प्रतिदिन जानवरों की तरह पीटा जाता था और उसकी आवाज को दबाने की हरसंभव कोशिश की गई।
पीड़िता के अनुसार, उसकी शादी एक पुलिसकर्मी से हुई थी, जिसने झूठे वादे और धोखे से रिश्ता जोड़ा। शुरू में सब कुछ सामान्य लगा, लेकिन कुछ ही महीनों बाद पति का असली चेहरा सामने आया। पत्नी ने बताया कि शादी के बाद पति ने उसे हरदिनमारना-पीटना शुरू कर दिया। वह न केवल गाली-गलौज करता था, बल्किअक्सर उसे बांधकर, लात-घूंसे और डंडे से पीटता था।
पीड़ित महिला ने कहा, वह मुझे रोज़ जानवरों की तरह पीटता था, जब भी गुस्सा आता, मेरे पेट पर लातें मारता। दोबार मुझे जबरदस्ती गर्भपात के लिए मजबूर किया। एक दिन तो उसने मुझे बांधकर पीटा और इलाज के लिए अस्पताल जाने तक नहीं दिया।
पीड़िता ने बताया कि, जब अपने बचाव के लिए सबूत जुटाने की कोशिश की, तब पति ने घर के सीसीटीवी कैमरों के फुटेज तक मिटा दिए, ताकि कोई भी सच्चाई सामने न आ सके।
पत्नी के आरोपों के मुताबिक, जब उसने शिकायत दर्ज कराने की कोशिशकी, तो स्थानीय स्तर पर मामले को दबाने की कोशिशें की गईं। कुछ पुलिसकर्मी
उसे घरेलू मामला बताकर शांत करानेकी कोशिश करते रहे, लेकिन महिला ने हार नहीं मानी। उसने साहस जुटाया और मीडिया के सामने आकर अपनी कहानी सार्वजनिक की, ताकि न्याय मिल सके और अन्य महिलाएम भी अपने अधिकारों के लिए खड़ी हो सकें।
मामले की गंभीरता को देखते हुए, रीवा जिला प्रशासन और पुलिस मुख्यालय ने जांच शुरू कर दी है। वरिष्ठ अधिकारियों ने कहा है कि आरोपों की गहन और निष्पक्ष जांच की जाएगी। यदि पुलिसकर्मी दोषी पाया जाता है, तो उसके खिलाफ कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई के साथ-साथ कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी।
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