नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) की टीम ने बुधवार को केरल में 9 जगहों पर तलाशी अभियान चलाया।
नई दिल्ली। नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) की टीम ने बुधवार को केरल में 9 जगहों पर तलाशी अभियान चलाया। NIA ने यह कार्रवाई 2022 में दर्ज उस मामले को लेकर की है जिसमें प्रतिबंधित गैर-कानूनी संगठन पॉपुलर फ्रंट ऑफ़ इंडिया (PFI) पर जिहादी साज़िश रचने और देश विरोधी गतिविधियां चलाने के गंभीर आरोप हैं।
हिंसक जिहाद फैलाने की साजिश
ऑपरेशन के दौरान, एंटी-टेरर एजेंसी ने PFI और उससे जुड़े संगठनों के कई डिजिटल डिवाइस, दस्तावेजों व अन्य आपत्तिजनक चीज़ें भी ज़ब्त कीं। NIA ने यह मामला सितंबर 2022 में दर्ज किया था। NIA की जांच में पता चला कि PFI के नेता और कार्यकर्ता भारत में हिंसक जिहाद फैलाने की साजिश रच रहे थे। उनका अंतिम लक्ष्य साल 2047 तक भारत में 'इस्लामिक शासन' स्थापित कर देश को तोड़ना और उस पर कब्ज़ा करना था।
युवाओं का ब्रेनवॉश और हथियारों की ट्रेनिंग
NIA की जांच के मुताबिक, PFI के नेता आसानी से प्रभावित होने वाले युवाओं को कट्टर बनाकर लोगों के बीच सांप्रदायिक फूट डालने की साज़िश रच रहे थे। एजेंसी ने एक बयान में कहा, "यह संगठन ऐसे युवाओं को गुमराह करने के साथ-साथ हथियार चलाने की ट्रेनिंग देने में लगा हुआ था। वहीं, अपनी भारत विरोधी साज़िश के तहत आतंक और हिंसा के कामों को अंजाम देने के लिए पैसे भी जमा कर रहा था।"
पर्दे के पीछे चल रही थी 'हिट टीम' की तैयारी
मामले की जांच से एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि PFI ने अपने साजिशों को अंजाम देने के लिए अलग-अलग विंग बनाए थे। इसमें 'रिपोर्टर्स विंग', 'फिजिकल और आर्म्स ट्रेनिंग विंग' और 'सर्विस टीम्स या हिट टीम्स' जैसे कई विंग्स और यूनिट्स शामिल है। NIA ने बताया कि यह आतंकवादी संगठन अपने अलग-अलग कैंपस, सुविधाओं और इंफ्रास्ट्रक्चर का इस्तेमाल फिजिकल एजुकेशन, योग ट्रेनिंग की आड़ में कैडर को हथियार चलाने की ट्रेनिंग देने के लिए कर रहा था। इन 'हिट टीमों' को खास तौर पर 'टारगेट्स' को खत्म करने यानी हत्याओं के लिए तैयार किया जा रहा था।
यह भी पढ़ें: https://www.primenewsnetwork.in/state/suvendu-adhikari-slams-mamata-govt-over-nazirabad-fire/130945
पीएम मोदी की लोकप्रियता से घबरा गई हैं मुख्यमंत्री ममता बनर्जी: शुभेंदु अधिकारी