प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI), पटना के तत्कालीन डिप्टी जनरल मैनेजर (DGM) प्रभांशु शेखर और उनके परिवार की 2.85 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की है।
नई दिल्ली। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI), पटना के तत्कालीन डिप्टी जनरल मैनेजर (DGM) प्रभांशु शेखर और उनके परिवार की 2.85 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की है। उन पर अपनी कमाई से बहुत ज्यादा संपत्ति बनाने का आरोप है।
ED के पटना कार्यालय ने प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA), 2002 के तहत बिहार और दिल्ली में स्थित फ्लैट, जमीन, बैंक बैलेंस, सोने-चांदी के गहने और इंश्योरेंस पॉलिसी में किए गए निवेश को जब्त किया है। ED ने एक बयान में कहा कि ये संपत्तियां प्रभांशु शेखर ने भ्रष्ट तरीकों का इस्तेमाल करके अपने और अपने परिवार के नाम पर खरीदी थीं।

1 जनवरी 2016 से 23 सितंबर 2022 के बीच बनाई आय से अधिक संपत्ति
ED ने यह जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) द्वारा दर्ज की गई FIR और चार्जशीट के आधार पर शुरू की थी। CBI की जांच में सामने आया कि 1 जनवरी 2016 से 23 सितंबर 2022 के बीच प्रभांशु शेखर ने अपनी आय के ज्ञात स्रोतों से 4.07 करोड़ रुपये अधिक की संपत्ति बनाई थी।
जांच में यह भी पता चला कि बिहार में DGM के पद पर रहते हुए प्रभांशु शेखर ने अशोक बिल्डकॉन लिमिटेड के बढ़े हुए बिल पास करने, रिकॉर्ड बुक में हेरफेर करने और घटिया निर्माण सामग्री के इस्तेमाल को अनदेखा करने जैसे गलत काम किए। इससे जो काला धन पैदा हुआ, उसका एक हिस्सा सीधे उनके परिवार के बैंक खातों में जमा किया गया और रोजमर्रा के खर्चों में इस्तेमाल हुआ। इसके अलावा, इस पैसे को उनकी पत्नी के नाम पर जमीन-जायदाद खरीदने और परिवार के सदस्यों के नाम पर गहने व इंश्योरेंस पॉलिसी लेने में निवेश किया गया।
यह भी पढ़ें: https://www.primenewsnetwork.in/state/chief-minister-mamata-banerjee-laid-foundation-stone-of-gangasagar-bridge/103750
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने गंगासागर सेतु का किया शिलन्यास