जयपुर के रामपुरा कंवरपुरा गांव में सरकारी स्कूल के दौरे के दौरान सीजेपी टीम पर कथित हमले को लेकर अभिजीत दीपके ने भाजपा से जुड़े लोगों पर आरोप लगाए।
महाराष्ट्र: कॉकरोच जनता पार्टी के नेता अभिजीत दिपके ने शुक्रवार को जयपुर के रामपुरा कंवरपुरा स्थित एक सरकारी स्कूल के दौरे के दौरान सीजेपी के सह-संयोजक आशुतोष रांका और उनकी टीम पर हुए कथित हमले की निंदा की। एएनआई से बात करते हुए दिपके ने आरोप लगाया कि रांका द्वारा कथित तौर पर भैंसों के बाड़े में चल रहे एक सरकारी स्कूल के दौरे के बाद भाजपा से जुड़े लोगों ने सीजेपी टीम के सदस्यों पर हमला किया।
आशुतोष पर हुए हमले से साफ झलकता है भाजपा के लोगों का डर: दीपके
दिपके ने कहा, आज आशुतोष पर हुए हमले से भाजपा के इन लोगों का डर साफ झलकता है। उन्हें डर है कि सीजेपी शायद स्कूल की मरम्मत करवा लेगी, कि सीजेपी के प्रयासों से स्कूल का जीर्णोद्धार हो जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि टीम पर पत्थर फेंके गए, वाहनों को नुकसान पहुंचाया गया और एक स्वयंसेवक की बांह टूट गई, जबकि रांका को भी कथित तौर पर पीटा गया। दिपके ने कहा कि कुछ स्वयंसेवकों का अस्पताल में इलाज चल रहा है।
स्कूलों की बुनियादी सुविधाओं पर उठाया सवाल
उन्होंने सवाल उठाया कि सरकार स्कूलों में पानी और शौचालय जैसी बुनियादी सुविधाओं पर ध्यान क्यों नहीं दे रही है। इसके साथ ही आरोप लगाया कि सरकारी स्कूलों की हालत पर सवाल उठाने वालों को निशाना बनाया जा रहा है। हम सिर्फ स्कूलों की दयनीय स्थिति को उजागर कर रहे हैं। हमारा बस इतना कहना है कि गरीब बच्चों के सरकारी स्कूलों में सुधार होना चाहिए। दिपके ने कहा कि कथित हमले से मुख्य न्यायिक परिषद अपने अभियान से पीछे नहीं हटेगी और दावा किया कि रांका स्कूलों का दौरा करना जारी रखेंगे।
जारी रहेगा 'स्कूल सुधारो' अभियान
अगर उन्हें लगता है कि हम पर हमला करके, डरा-धमकाकर या धमकी देकर वे हमें पीछे हटने पर मजबूर कर सकते हैं, तो वे गलतफहमी में हैं। ऐसा नहीं होने वाला है। आशुतोष कल फिर स्कूलों का निरीक्षण करने जाएंगे, मैं भी जाऊंगा। वास्तव में, मैं अब निश्चित रूप से राजस्थान जाऊंगा। हमारा 'स्कूल सुधारो' अभियान पहले की तरह जारी रहेगा। वे हम पर कितने भी हमले करें, हम डरेंगे या पीछे नहीं हटेंगे, क्योंकि हम सिर्फ एक ही चीज चाहते हैं, इस देश के स्कूलों में सुधार हो।
NCERT की किताबों में RSS से जुड़े लोगों की भूमिका पर उठाए सवाल
दिपके ने राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एनसीईआरटी) द्वारा कक्षा 11 और 12 की राजनीति विज्ञान की पाठ्यपुस्तकों की तैयारी में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से जुड़े व्यक्तियों को शामिल किए जाने की भी आलोचना की। वे लोग जिन्होंने संविधान कभी नहीं पढ़ा और जिन्होंने आजादी के बाद कभी अपने मुख्यालय पर तिरंगा भी नहीं फहराया। यही लोग अब एनसीईआरटी की पाठ्यपुस्तकें लिखेंगे। उन्होंने कहा कि उनकी यह प्रतिक्रिया जयपुर जिले के रामपुरा कंवरपुरा गांव में हुई घटना के बाद राजस्थान में बढ़ते राजनीतिक तनाव के बाद आई है।
(इनपुट: ANI)
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