आराम और स्टाइल के बेहतरीन संतुलन ने बच्चों के फैशन में नया ट्रेंड स्थापित किया है।
नई दिल्ली। आजकल के बच्चे न सिर्फ अपनी पढ़ाई और खेलकूद को लेकर सजग हैं, बल्कि अपने लुक्स और कपड़ों को लेकर भी काफी चूजी हो गए हैं। साल 2026 में बच्चों का फैशन एक नए मुकाम पर पहुंच चुका है। अब माता-पिता बच्चों के लिए सिर्फ ऐसे कपड़े नहीं चुन रहे जो दिखने में अच्छे हों, बल्कि वे उनकी कंफर्ट और सेहत का भी पूरा ध्यान रख रहे हैं। आइए जानते हैं, कि इस सीजन में बच्चों के फैशन में कौन से बड़े बदलाव और ट्रेंड्स देखने को मिल रहे हैं।
सस्टेनेबल और ऑर्गेनिक फैब्रिक की बढ़ी मांग
इस साल बच्चों के फैशन में सबसे बड़ा बदलाव 'इको-फ्रेंडली' कपड़ों का आना है। माता-पिता अब रासायनिक रंगों और सिंथेटिक कपड़ों की जगह 100% ऑर्गेनिक कॉटन, बंबू फैब्रिक और लिनन से बने कपड़ों को तरजीह दे रहे हैं। ये कपड़े न केवल पर्यावरण के अनुकूल हैं, बल्कि बच्चों की नाजुक त्वचा के लिए भी बेहद सुरक्षित हैं और रैशेज या एलर्जी से बचाते हैं।
'मिनी-मी' और ट्विनिंग का क्रेज
माता-पिता और बच्चों के बीच एक जैसे कपड़े पहनने का ट्रेंड यानी 'ट्विनिंग' इस समय टॉप पर है। पार्टी, शादियों या फैमिली आउटिंग के दौरान अक्सर देखा जा रहा है, कि पिता-पुत्र एक जैसी शेरवानी या सूट पहने नजर आते हैं, तो वहीं मां-बेटी एक जैसी फ्लोरल ड्रेस या साड़ी में दिखती हैं। डिज़ाइनर्स अब खास तौर पर 'मिनी-मी' कलेक्शन लॉन्च कर रहे हैं, जो बाजार में काफी लोकप्रिय हो रहा है।
जेंडर-न्यूट्रल और पेस्टल कलर्स
वह जमाना चला गया जब लड़कों के लिए सिर्फ नीला और लड़कियों के लिए सिर्फ गुलाबी रंग तय था। अब जेंडर-न्यूट्रल कपड़ों का चलन तेजी से बढ़ रहा है। पेस्टल शेड्स बच्चों पर बहुत प्यारे लगते हैं और इन्हें हर कोई पसंद कर रहा है। इसके साथ ही, ढीले-ढाले ओवरसाइज्ड टी-शर्ट और यूनिसेक्स जंपसूट्स की मांग भी बढ़ी है।
फ्यूजन और एथनिक वियर का नया अंदाज
त्योहारों और शादियों के सीजन के लिए बच्चों के कपड़ों में 'फ्यूजन वियर' काफी पसंद किया जा रहा है। जैसे कि लड़कियों के लिए धोती पैंट के साथ कुर्ती या क्रॉप टॉप, और लड़कों के लिए जींस के साथ शॉर्ट कुर्ता और नेहरू जैकेट। यह स्टाइल बच्चों को पारंपरिक लुक भी देता है और उन्हें भारी-भरकम कपड़ों से बचाकर दौड़ने-भागने की आजादी भी देता है।
फैशन एक्सपर्ट्स की राय
साल 2026 का किड्स फैशन पूरी तरह से 'फंक्शनल और फैशनेबल' के सिद्धांत पर काम कर रहा है। कपड़े ऐसे होने चाहिए जो बच्चों के व्यक्तित्व को निखारें, लेकिन उनके बचपन की चंचलता और आराम से कोई समझौता न हो। कुल मिलाकर, इस साल का किड्स फैशन ट्रेंड बच्चों को अपनी पसंद चुनने और उसमें खुलकर जीने की आजादी दे रहा है। चाहे वह क्लासिक डेनिम हो, ऑर्गेनिक ड्रेसेस हों या फिर फंकी फुटवियर, स्टाइल के साथ-साथ आराम ही इस सीजन का असली मंत्र है।
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