प्राइम न्यूज़ – एक कसम, राष्ट्र प्रथम
Breaking News

दो लाख घरों तक पहुंची पाइपलाइन...

दो लाख घरों तक पहुंची पाइपलाइन, लेकिन आधे में ही जले चूल्हे

​भोपाल। मध्य प्रदेश में घरों तक पाइप वाली प्राकृतिक गैस (PNG) पहुँचाने की योजना अपनी तय गति से...

दो लाख घरों तक पहुंची पाइपलाइन लेकिन आधे में ही जले चूल्हे

दो लाख घरों तक पहुंची पाइपलाइन, लेकिन आधे में ही जले चूल्हे |

​भोपाल। मध्य प्रदेश में घरों तक पाइप वाली प्राकृतिक गैस (PNG) पहुँचाने की योजना अपनी तय गति से काफी पीछे चल रही है। राज्य में बुनियादी ढाँचा तैयार होने के बावजूद उपभोक्ताओं तक गैस की आपूर्ति सुनिश्चित करने में बड़ी चुनौतियाँ सामने आ रही हैं।

​प्रदेश में धीमी रफ्तार

प्रदेश में अब तक लगभग दो लाख घरों तक पीएनजी की पाइपलाइन बिछाई जा चुकी है। पाइपलाइन बिछने के बावजूद, वर्तमान में केवल एक लाख परिवार ही नियमित रूप से इस गैस का उपयोग कर पा रहे हैं। कई क्षेत्रों में बुनियादी ढाँचा (पाइपलाइन) तैयार होने के बावजूद अभी तक गैस की आपूर्ति (Gas Supply) शुरू नहीं हो पाई है, जिससे हजारों कनेक्शन केवल शो-पीस बने हुए हैं।

शहरों में प्रगति में काफी अंतर

​प्रदेश के अलग-अलग शहरों में इस योजना की प्रगति में काफी अंतर देखा गया है। ​इंदौर और ग्वालियर में पीएनजी प्रोजेक्ट की प्रगति संतोषजनक है और यहाँ कार्य बेहतर गति से चल रहा है। राजधानी भोपाल इस मामले में काफी पिछड़ी हुई है। यहाँ बुनियादी ढाँचे और आपूर्ति के बीच बड़ा अंतर बना हुआ है।

तकनीकी देरी, गैस आपूर्ति में रुकावट

​पाइपलाइन बिछाने के बाद भी चूल्हे न जल पाने के पीछे मुख्य कारण तकनीकी देरी, गैस आपूर्ति में रुकावट और प्रशासनिक तालमेल की कमी मानी जा रही है। जहाँ एक ओर इंदौर जैसे शहर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं, वहीं भोपाल जैसे शहरों में उपभोक्ताओं को कनेक्शन मिलने के बाद भी गैस सप्लाई का इंतजार करना पड़ रहा है।

यह भी पढ़ें : https://www.primenewsnetwork.in/state/up-agriculture-dept-to-recruit-2759-group-c-posts/151608

Related to this topic: