प्राइम न्यूज़ – एक कसम, राष्ट्र प्रथम

रायबरेली में युवक ने दरोगा पर लगाए गंभीर आरोप

रायबरेली में युवक ने दरोगा पर लगाए गंभीर आरोप, 10 हजार मांगने और पिटाई का दावा

रायबरेली के भदोखर थाना क्षेत्र की एम्स पुलिस चौकी में एक युवक ने चौकी इंचार्ज पर गंभीर आरोप लगाए हैं। कपिल कुमार का दावा है कि पारिवारिक विवाद में समझौता कराने के नाम पर उससे 10 हजार रुपये मांगे गए।

रायबरेली में युवक ने दरोगा पर लगाए गंभीर आरोप 10 हजार मांगने और पिटाई का दावा

रायबरेली में युवक ने दरोगा पर लगाए गंभीर आरोप |

रायबरेली: रायबरेली के भदोखर थाना क्षेत्र स्थित एम्स पुलिस चौकी में एक युवक को 'थर्ड डिग्री' देने का गंभीर मामला सामने आया है। दंपती के आपसी विवाद में समझौते के नाम पर चौकी इंचार्ज पर 10 हजार रुपये की रिश्वत मांगने और रकम न मिलने पर बेल्टों से बेरहमी से पीटने का आरोप लगा है। पीड़ित युवक ने पुलिस अधीक्षक (एसपी) कार्यालय पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई है, जिसके बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।

युवक का दरोगा पर रिश्वत मांगने और बेल्ट से पीटने का आरोप

​भदोखर थाना क्षेत्र के सैदनपुर गांव के रहने वाले कपिल कुमार का अपनी पत्नी के साथ पारिवारिक विवाद चल रहा था। इसी मामले को लेकर एम्स पुलिस चौकी की पुलिस कपिल को पकड़कर चौकी ले आई थी। पीड़ित कपिल कुमार का आरोप है कि चौकी इंचार्ज सुजीत कुमार ने मामले को सुलझाने के एवज में 10 हजार रुपये की अवैध डिमांड की। कपिल का कहना है कि जब उसने पैसे देने में असमर्थता जताई, तो दरोगा का गुस्सा भड़क उठा। आरोप है कि चौकी इंचार्ज ने उसे चौकी के अंदर ले जाकर बेल्टों से बुरी तरह पीटा।

पिटाई के बाद युवक को केस में फंसाने की धमकी देने का आरोप

​पीड़ित ने बताया कि पिटाई के दौरान दरोगा सुजीत कुमार ने उसे डराने-धमकाने का भी प्रयास किया। उससे कहा गया, "जैसा कहूं वैसा करो, वरना ऐसे संगीन केस में अंदर डालूंगा कि चाहकर भी जल्दी बाहर नहीं निकल पाओगे।" इस पुलिसिया प्रताड़ना से सहमा पीड़ित किसी तरह चौकी से बाहर आया।

शिकायत के बाद सीओ सिटी को सौंपी जांच

घटना से आहत कपिल कुमार सीधे रायबरेली एसपी कार्यालय पहुंचा। उसने लिखित शिकायत देकर एम्स चौकी इंचार्ज सुजीत कुमार पर गंभीर आरोप लगाए और निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की है।​ इस घटना के बाद से पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठने लगे हैं। मामले में एसपी रवि कुमार का कहना है कि प्रकरण संज्ञान में आ चुका है और पूरे मामले की जांच सीओ सिटी को सौंपी गई है। जांच में दोष सिद्ध होने पर संबंधित दरोगा के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

ये भी पढ़ें- बलिया में दिव्यांग की फरियाद पर तुरंत एक्शन, डीएम ने दिलाई ट्राई साइकिल
 

Related to this topic: