ओस्लो। नॉर्वे शहर लान्गईयरब्येन में किसी भी मृत को दफनाने की अनुमति नहीं है। इसका कारण यहां की जमीन हमेशा जमीं रहती है। मौसम काफी सर्द रहता है। 1950 के दशक में वैज्ञानिकों ने पाया कि..
नॉर्वे का शहर लॉन्गइयरब्येन... यहां किसी को दफनाने की अनुमति नहीं |
Norway : ओस्लो। नॉर्वे के शहर लान्गईयरब्येन में किसी भी मृत को दफनाने की अनुमति नहीं है। इसका कारण यहां की जमीन हमेशा जमीं रहती है। मौसम काफी सर्द रहता है। 1950 के दशक में वैज्ञानिकों ने पाया कि ठंड के कारण यहां दफनाए गये शव सालों-साल नहीं गलते और सड़ते हैं। कुछ पुरानी कब्रो की खुदाई भी की गई। तब पाया गया कि 1918 की स्पैनिश फ्लू महामारी के शिकार लोगों के शव सुरक्षित हैं। कुछ ऐसे शव भी पाये गये जिसमें वायरस जिंदा थे। यह भी खतरा था कि ये वायरस फिर से फैल सकते हैं। इसके बाद ही प्रशासन ने निर्णय लिया कि किसी मृत व्यक्ति को वहां दफनाया नहीं जाएगा।
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Supreme Court : जूनियर इंजीनियर पद पर भर्ती के लिए योग्यता यदि डिप्लोमा निर्धारित की गई है तो डिग्री धारकों को इस पद के लिए पात्र नहीं माना जा सकता। यह फैसला सुप्रीम कोर्ट ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के फैसले के खिलाफ बीटेक डिग्रीधारकों द्वारा दायर याचिकाओं पर फैसला देते हुए दिया है। सुप्रीमकोर्ट ने फैसले में इलाहाबाद हाईकोर्ट के फैसले पर मुहर लगाई है।
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America : वाशिंगटन। ट्रंप सरकार ने वीजा नियमों को और सख्त करते हुए प्रावधान कर रही है कि अब अमेरिका जाने वाले विदेशी नागरिकों को वीजा तभी मिलेगा, जब वे पूरी तरह से स्वस्थ होंगे। नए निर्देश के मुताबिक, अगर व्यक्ति मोटापा, डायबिटीज या किसी गंभीर बीमारी से जूझ रहा है तो उसके वीजा आवेदन खारिज कर दिया जाएगा। अमेरिकी विदेश मंत्रालय की ओर से जारी गाइडलाइन में कहा गया बीमार लोग देश पर आर्थिक बोझ बन सकते हैं। वे सरकारी संसाधनों का दुरुपयोग कर सकते हैं।