पूर्ति विभाग, राजस्व विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने छाता-शेरगढ़ रोड स्थित एक एथेनॉल फैक्ट्री पर छापेमारी कर दो ट्रकों से करीब 540 क्विंटल सरकारी चावल बरामद किया है।
मथुरा (उत्तर प्रदेश)। सरकारी खाद्यान्न की कालाबाज़ारी पर रोक लगाने के अभियान के तहत जिला पूर्ति अधिकारी संजीव कुमार के नेतृत्व में पूर्ति विभाग, राजस्व विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने छाता-शेरगढ़ रोड स्थित एक एथेनॉल फैक्ट्री पर छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान दो ट्रकों से करीब 540 क्विंटल सरकारी चावल बरामद किया गया। प्रारंभिक जांच में सरकारी चावल की कालाबाज़ारी की आशंका जताई गई है।
हरियाणा भेजने की थी तैयारी, नहीं मिले दस्तावेज
जांच के दौरान अधिकारियों को जानकारी मिली कि एथेनॉल निर्माण के लिए एफसीआई से आवंटित सरकारी चावल को कथित रूप से हरियाणा ले जाकर बेचने की तैयारी की जा रही थी। मौके पर बरामद कई बोरियों पर सरकारी मार्किंग पाई गई, जबकि परिवहन से संबंधित वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए जा सके।
साक्ष्य जुटाकर मुकदमा दर्ज कराने की संस्तुति
संयुक्त टीम ने ट्रक चालकों से पूछताछ की और सीसीटीवी फुटेज सहित अन्य साक्ष्य भी एकत्र किए। जांच के आधार पर संबंधित लोगों के विरुद्ध आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 तथा राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम, 2013 के तहत मुकदमा दर्ज कराने की संस्तुति की गई है।
डीएसओ की सख्त चेतावनी, लोगों से सहयोग की अपील
जिला पूर्ति अधिकारी संजीव कुमार ने कहा कि गरीबों के हिस्से के सरकारी राशन की कालाबाज़ारी किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। ऐसे मामलों में दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने लोगों से अपील की कि सरकारी राशन की अवैध खरीद-फरोख्त, भंडारण या परिवहन की जानकारी मिलने पर तत्काल खाद्य एवं रसद विभाग या जिला प्रशासन को सूचित करें।
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