उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर मथुरा में 3 और 4 अक्टूबर को बीजेपी और आरएसएस की अहम बैठक होगी, जिसमें संगठन को बूथ स्तर पर मजबूत करने की रणनीति बनेगी।
मथुरा (उत्तर प्रदेश)। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 की तैयारियों के मद्देनजर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के वरिष्ठ पदाधिकारियों की 3 और 4 अक्टूबर को मथुरा में एक बेहद महत्वपूर्ण बैठक आयोजित होने जा रही है।
जमीनी स्तर पर चुनावी रणनीति पर मंथन
उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर बीजेपी व्यापक स्तर पर संगठनात्मक कवायद कर रही है। मथुरा में आयोजित होने वाली यह दो दिवसीय बैठक बीजेपी और आरएसएस के वरिष्ठ पदाधिकारियों को विभिन्न क्षेत्रों की संगठनात्मक स्थिति की समीक्षा करने और जमीनी स्तर पर चुनावी रणनीति तैयार करने के लिए एक मजबूत प्लेटफॉर्म उपलब्ध कराएगी।
बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने की तैयारी
सूत्रों के अनुसार, बैठक में बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने और कार्यकर्ताओं से प्राप्त फीडबैक की समीक्षा की जाएगी। सूत्रों ने कहा कि "इसके अलावा मौजूदा मुद्दों और उनसे निपटने के तौर-तरीकों पर भी चर्चा हो सकती है। पार्टी बूथ, शक्ति केंद्र, मंडल और जिला स्तर पर संगठनात्मक तैयारियों की लगातार समीक्षा कर रही है।"
दिग्गजों का जमावड़ा और शामिल होने वाले चेहरे
इस उच्चस्तरीय बैठक में राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन और राष्ट्रीय संगठन महामंत्री बीएल संतोष के अलावा आरएसएस के वरिष्ठ नेता अरुण कुमार, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी, प्रदेश संगठन महामंत्री धर्मपाल सिंह और दोनों उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक व केशव प्रसाद मौर्य के शामिल होने की उम्मीद है।
नई दिल्ली में हुई थी पहली समन्वय बैठक
इससे पहले नई दिल्ली में उत्तर प्रदेश बीजेपी की पहली समन्वय बैठक संपन्न हुई थी। पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव व यूपी प्रभारी विनोद तावड़े की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में आगामी कार्यक्रमों, बूथ सशक्तीकरण और पार्टी विस्तार की रणनीतियों पर विस्तृत चर्चा की गई थी।
राज्य प्रभारियों और सह-प्रभारियों की अहम बैठक
इसके साथ ही पार्टी कार्यालय में राज्य प्रभारियों और सह-प्रभारियों की एक अहम संगठनात्मक बैठक भी तय की गई है, जिसकी अध्यक्षता नितिन नबीन करेंगे। इसमें उत्तर प्रदेश के प्रभारी विनोद तावड़े, सह-प्रभारी मेधा कुलकर्णी, जगदीश पटेल, प्रदीप वर्मा और अनंत ओझा के साथ उत्तराखंड, दिल्ली और बिहार के प्रभारी भी भाग लेंगे।
(भाषांतर: Ravi Pandey । इनपुट: ANI)
यह भी पढ़ें: ईसी पर बढ़ा सियासी घमासान: पवन खेड़ा बोले, 'मुख्य चुनाव आयुक्त दें इस्तीफा, तभी लौटेगा जनता का विश्वास'