दिल्ली के हर्ष विहार स्थित मिलन गार्डन में एक इमारत ढहने के बाद NDRF, दमकल विभाग और पुलिस की टीमें राहत एवं बचाव अभियान में जुटी हैं।
नई दिल्ली। दिल्ली के हर्ष विहार के मिलन गार्डन में रविवार शाम एक इमारत ढह गई, जिसके बाद दिल्ली अग्निशमन सेवा ने मौके पर पांच दमकल गाड़ियां रवाना कीं। मलबे को हटाने के लिए राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF), स्थानीय पुलिस, दमकल विभाग और नागरिक सुरक्षा (Civil Defence) की टीमें मिलकर राहत एवं बचाव कार्य में जुटी हैं।
अग्निशमन सेवा को शाम 6:46 बजे मिली सूचना
दिल्ली अग्निशमन सेवा को इस घटना की सूचना शाम 6:46 बजे मिली थी। अतिरिक्त डीसीपी संदीप लांबा ने बताया कि मूल इमारत एक पुरानी, सिंगल-मंजिला संरचना थी, जिसके ऊपर एक अतिरिक्त मंजिल का निर्माण किया जा रहा था। बचाव टीमों के सामने आने वाली चुनौतियों के बारे में बताते हुए उन्होंने कहा, "हमें एक इमारत के ढहने की सूचना मिली थी। मूल संरचना एक पुरानी, सिंगल-मंजिला इमारत थी और इसके ऊपर एक अतिरिक्त मंजिल बनाई जा रही थी। यह क्षेत्र पूरी तरह से घिरा हुआ है, जिससे यह पहचानना भी मुश्किल हो रहा है कि वास्तव में कौन सी इमारत गिरी है।"
मौके पर बचाव अभियान जारी
उन्होंने कहा कि कई एजेंसियां मौके पर पहुंच चुकी हैं और बचाव अभियान चलाने के लिए मिलकर काम कर रही हैं। लांबा ने कहा, "बचाव टीमें इस समय काम कर रही हैं - एनडीआरएफ आ गई है, साथ ही स्थानीय पुलिस, दमकल विभाग और नागरिक सुरक्षा के कर्मी भी मौजूद हैं। निवासियों सहित सभी लोग मिलकर काम कर रहे हैं। वे किनारों से भारी मात्रा में मलबा हटा रहे हैं।"
लोगों के मलबे में दबे होने की संभावना
अधिकारी ने आगे बताया कि एनडीआरएफ इस अभियान में सहायता के लिए अपने विशेष संसाधन लेकर आई है। उन्होंने कहा, "एनडीआरएफ अपने डॉग स्क्वाड और अन्य संसाधनों के साथ पहुंच गई है।" हालांकि, उनके बयान के समय तक किसी को बचाया नहीं जा सका था। लांबा ने कहा, "अभी तक किसी को बचाया नहीं गया है। लोगों के मलबे में दबे होने की संभावना है, लेकिन इस स्तर पर कुछ भी पक्का नहीं कहा जा सकता।"
अतिरिक्त मंजिल के लिए कंक्रीट स्लैब (छत) बिछाए जाने के दौरान
एक स्थानीय निवासी ने कहा कि यह हादसा अतिरिक्त मंजिल के लिए कंक्रीट स्लैब (छत) बिछाए जाने के दौरान हुआ होगा। घटना के सिलसिले का वर्णन करते हुए निवासी ने कहा, "इमारत के लिए कंक्रीट स्लैब ढाला जा रहा था। मौजूदा निचला स्लैब कमजोर था, और उसके ऊपर एक नया स्लैब बिछाया जा रहा था। परिणामस्वरूप, निचला स्लैब बैठ गया, जिससे उसके ऊपर का पूरा नया स्लैब ढह गया।"
राहत टीमें मलबे को हटाने के काम में जुटी
निवासी ने आगे बताया कि परिवार के सदस्यों के अनुसार, उनके दो लोग इमारत के अंदर फंसे हो सकते हैं। निवासी ने कहा, "परिवार के सदस्यों का कहना है कि उनके दो लोग अंदर फंसे हुए हैं।" हालांकि, फंसे हुए लोगों की संख्या और इस हादसे से जुड़ी परिस्थितियों की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। बचाव अभियान आगे बढ़ने के साथ ही राहत टीमें मलबे को हटाने का काम जारी रखे हुए हैं।
(इनपुट: ANI)
यह भी पढ़ें: महाराष्ट्र के जलगांव में बड़ा सड़क हादसा, मालवाहक वाहन का एक्सल टूटने से 20 से अधिक घायल